हाथरस भगदड़ मामले को कांग्रेस नेता प्रमोद तिवारी ने बताया प्रशासन की लापरवाही का नतीजा

0
9

नई दिल्ली, 5 जुलाई (आईएएनएस)। कांग्रेस नेता प्रमोद तिवारी ने हाथरस भगदड़ मामले में आईएएनएस से बातचीत के दौरान अपनी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने इस मामले को शासन-प्रशासन की लापरवाही का नतीजा बताया और इसमें शामिल आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की।

प्रमोद तिवारी ने कहा, “इसमें सीधे तौर पर प्रशासन और आयोजनकर्ताओं की लापरवाही है। इसके अलावा, पीड़ितों और मृतकों के परिजनों को मुआवजा की राशि भी कम कर दी गई है। कम से कम एक करोड़ रुपए दिए जाने चाहिए थे। आज राहुल गांधी लोगों के आंसू पोंछने गए हैं। मुझे पूरी उम्मीद है कि सरकार इस पर विचार करेगी।“

उन्होंने कहा, “मैं मांग करता हूं कि इसकी जांच के लिए हाई कोर्ट के सिटिंग जज से होनी चाहिए और जो भी दोषी पाया जाएं, उसके खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई हो।“

बता दें कि बीते दिनों उत्तर प्रदेश के हाथरस में बाबा साकार हरि के सत्संग में भगदड़ मच गई थी। इसमें 121 लोगों को अपनी जान गंवानी पड़ी। वहीं, कई अन्य घायल हो गए।

सीएम योगी ने मृतकों के परिजनों को दो लाख रुपए और घायलों को 50 हजार रुपए देने का ऐलान किया। अब कांग्रेस ने इस राशि को बढ़ाने की मांग की है।

राहुल गांधी शुक्रवार को घटनास्थल पर पहुंचे और पीड़ितों से मुलाकात की। उन्होंने भी पीड़ितों और मृतकों के परिजनों को मिलने वाली मुआवजा राशि को बढ़ाने की मांग की।

इससे पहले, सीएम योगी घटनास्थल पर पहुंचे थे और पीड़ितों से मुलाकात की थी। मामले की जांच के लिए शासन की ओर से एसआईटी गठित की जा चुकी है। जिसने अपनी 15 पेज की जांच रिपोर्ट प्रदेश सरकार को भेज दी है।

उधर, इस पूरे मामले में सुप्रीम कोर्ट में याचिका दाखिल कर इसकी जांच रिटायर्ड जज की देखरेख में कराने की मांग की गई है।

–आईएएनस

एसएचके/एसकेपी