पटना,19 मई(आईएएनएस)। बिहार में इस साल के अंत तक विधानसभा चुनाव होने हैं। विधानसभा चुनाव से पहले सियासी पारा चढ़ा हुआ है। पूर्व केंद्रीय मंत्री और जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष रहे आरसीपी सिंह ने रविवार को जन सुराज का दामन थाम लिया। उन्होंने अपनी पार्टी का विलय जन सुराज के साथ कर दिया है।
इस पर जेडीयू प्रवक्ता नीरज कुमार ने कहा कि वह एक वित्तीय जालसाज हैं। वह एक भारतीय प्रशासनिक सेवा के अधिकारी हो सकते हैं, जिन्होंने एसडीओ बनने के लिए देश की सबसे कठिन परीक्षा पास की, लेकिन अपनी योग्यता का उपयोग करने के बजाय, वह एक रणनीतिकार बन गए और राजनीति को एक व्यवसाय में बदल दिया।
समाचार एजेंसी आईएएनएस से बातचीत के दौरान उन्होंने कहा कि यह सब राजनीति के विषैले कीटाणु थे,अब इनसे मुक्ति मिल गई। नीतीश कुमार जिसको आर्शीवाद देते हैं, वह अपने को महत्वपूर्ण व्यक्ति समझ बैठता है जैसे ही हाथ हटता है, वह जीरो पर आउट हो जाता है।
उन्होंने कहा कि कानून सबके लिए समान है। यह बिहार है, अगर आप कानून की अवहेलना करेंगे तो यहां कानून के अनुरूप ही आपको सही जगह पर पहुंचा दिया जाएगा।
बता दें कि पूर्व केंद्रीय मंत्री और जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष रहे आरसीपी सिंह ने रविवार को जन सुराज का दामन थाम लिया। इसके साथ ही उनकी पार्टी ‘आप सबकी आवाज’ (आशा) का भी जन सुराज में विलय करने की घोषणा कर दी। पटना में जन सुराज पार्टी द्वारा आयोजित एक कार्यक्रम में सिंह ने प्रशांत किशोर की पार्टी की सदस्यता ग्रहण की।
आरसीपी सिंह ने अक्टूबर 2024 को दीपावली के दिन अपनी नई पार्टी की घोषणा की थी। उस समय उन्होंने बिहार की सभी 243 सीटों पर चुनाव लड़ने की घोषणा की थी। आरसीपी सिंह मई, 2023 में भाजपा में शामिल हुए थे, क्योंकि उससे पहले नीतीश कुमार एनडीए छोड़कर महागठबंधन में जा चुके थे। सिंह को 2022 में जदयू से बाहर का रास्ता दिखा दिया गया था। वहीं प्रशांत किशोर भी जदयू में रह चुके हैं।
— आईएएनएस
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