रांची, 30 नवंबर (आईएएनएस)। भारतीय क्रिकेट टीम को दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ टेस्ट सीरीज में 0-2 से हार का सामना करना पड़ा था। इस हार के बाद विराट कोहली की टेस्ट फॉर्मेट में फिर से वापसी की चर्चा शुरू हो गई थी। रांची वनडे में विराट के शतक के बाद उनकी टेस्ट वापसी की चर्चा और जोर-शोर से शुरू हुई, लेकिन विराट ने इन चर्चाओं पर विराम लगा दिया है।
विराट कोहली ने रांची वनडे के बाद प्रेजेंटेशन के दौरान यह स्पष्ट कर दिया कि उनका अंतरराष्ट्रीय करियर अब सिर्फ एक फॉर्मेट, वनडे, तक सीमित है, उससे आगे कुछ नहीं।
विराट से पूछा गया कि क्या उनका इरादा सिर्फ वनडे में ही खेलना है, तो उन्होंने कहा, “हां, और हमेशा ऐसा ही रहेगा। मैं सिर्फ एक तरह का गेम खेल रहा हूं।”
कोहली ने समझाया, “अगर आपने 300 के आस-पास गेम खेले हैं, तो आपको पता होता है कि लंबे समय तक बैटिंग करने की फिजिकल क्षमता कब होती है। जब तक आप बॉल को अच्छी तरह से हिट कर रहे हैं, यह फिजिकली फिट, मेंटली तैयार और एक्साइटेड होने के बारे में है।”
कोहली के इस बयान से स्पष्ट हो गया कि उनका ध्यान वनडे विश्व कप 2027 पर है।
विराट ने रांची वनडे में 120 गेंद पर 135 रन की पारी खेली। विराट का यह 52वां वनडे शतक था। इस पारी में विराट ने 7 छक्के और 11 चौके लगाए और मैच में भारत को 17 रन से जीत दिलाने में अहम भूमिका निभाई। उन्हें उनकी बेहतरीन शतकीय पारी के लिए प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया।
मैच की बात करें तो पहले बल्लेबाजी करने उतरी भारतीय टीम ने 50 ओवर में 8 विकेट पर 349 रन बनाए थे। विराट कोहली के 135 के अलावा, रोहित शर्मा ने 57 और कप्तान केएल राहुल ने 60 रन की पारी खेली। रवींद्र जडेजा ने 32 रन बनाए। दक्षिण अफ्रीका मैथ्यू ब्रिट्ज्के के 72, मार्को जानसेन के 39 गेंद पर 3 छक्के और 8 चौकों की मदद से 70 और कॉर्बिन बोश ने 51 गेंद पर छक्के और 5 चौकों की मदद से 67 रन की पारी के बावजूद 49.2 ओवर में 332 रन पर सिमट गई और 17 रन से मैच हार गई।




