बिहार: नीतीश कुमार ने जदयू कार्यालय में सरस्वती पूजा में भाग लिया

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पटना, 23 जनवरी (आईएएनएश)। बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने शुक्रवार को पटना स्थित जनता दल (यूनाइटेड) कार्यालय में सरस्वती पूजा समारोह में भाग लिया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने देवी सरस्वती की पूजा की और राज्य एवं देश की समृद्धि की कामना की।

सरस्वती पूजा का आयोजन जदयू आईटी सेल की तरफ से किया गया था, और इसमें केंद्रीय मंत्री राजीव रंजन सिंह उर्फ ​​ललन सिंह सहित कई वरिष्ठ नेता और मुख्यमंत्री के पुत्र निशांत कुमार उपस्थित थे।

मुजफ्फरपुर में समृद्धि यात्रा से लौटने के बाद नीतीश कुमार धार्मिक समारोह में भाग लेने के लिए पार्टी कार्यालय पहुंचे।

पूजा की रस्में भक्तिमय वातावरण में संपन्न हुईं और नेताओं ने एक-दूसरे का अभिवादन किया।

निशांत कुमार मुख्यमंत्री से पहले जदयू कार्यालय पहुंचे और देवी सरस्वती की प्रतिमा के समक्ष श्रद्धापूर्वक प्रणाम करते हुए विधिपूर्वक अनुष्ठान किया।

मीडिया से बात करते हुए उन्होंने कहा, “मैं यहां देवी सरस्वती की पूजा करने और उनका आशीर्वाद लेने आया हूं। मैंने ज्ञान की प्रार्थना की और सभी को बसंत पंचमी की हार्दिक शुभकामनाएं देता हूं।”

कार्यक्रम के दौरान केंद्रीय मंत्री ललन सिंह ने कथित तौर पर एक टिप्पणी की, जिसमें उन्होंने संकेत दिया कि नीतीश कुमार को अब निशांत कुमार के राजनीति में प्रवेश के लिए सहमत हो जाना चाहिए, जिससे मुख्यमंत्री के बेटे की संभावित राजनीतिक भूमिका को लेकर अटकलें फिर से तेज हो गईं।

अपनी सादगीपूर्ण जीवनशैली और आध्यात्मिक झुकाव के लिए जाने जाने वाले निशांत कुमार सक्रिय राजनीति से काफी हद तक दूर रहे हैं।

हालांकि, सार्वजनिक और पार्टी से संबंधित कार्यक्रमों में उनकी बढ़ती उपस्थिति ने राजनीतिक विश्लेषकों का ध्यान आकर्षित किया है।

जदयू आईटी सेल द्वारा आयोजित एक कार्यक्रम में उनकी भागीदारी ने राजनीतिक हलकों में चर्चाओं को और तेज कर दिया है।

बिहार में काफी समय से यह अटकलें लगाई जा रही हैं कि क्या निशांत कुमार नीतीश कुमार की राजनीतिक विरासत को आगे बढ़ाने की तैयारी कर रहे हैं।

हालांकि मुख्यमंत्री ने हमेशा अपने परिवार को राजनीति से दूर रखा है, लेकिन निशांत की बढ़ती लोकप्रियता ने इस बहस को फिर से हवा दे दी है।

कई जदयू कार्यकर्ताओं का मानना ​​है कि राजनीति में उनके प्रवेश से पार्टी के युवा आधार को ऊर्जा मिल सकती है।