दिनजान सैन्य स्टेशन पर इंडियन आर्मी ने आयोजित की दो दिवसीय रणनीतिक संगोष्ठी

0
8

नई दिल्ली, 14 फरवरी (आईएएनएस)। भारतीय सेना ने दिनजान सैन्य स्टेशन पर ‘अरुणाचल प्रदेश: भारत की गतिशील सीमांत’ विषय पर दो दिवसीय रणनीतिक संगोष्ठी का आयोजन किया।

यह कार्यक्रम 13 और 14 फरवरी 2026 को आयोजित हुआ। संगोष्ठी का आयोजन स्पीयर कोर के अंतर्गत दाओ डिवीजन द्वारा किया गया। इस अवसर पर सशस्त्र बलों, नागरिक प्रशासन और शिक्षाविदों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। कार्यक्रम का उद्देश्य सीमा प्रबंधन और क्षेत्रीय विकास के लिए समन्वित राष्ट्रीय दृष्टिकोण को सशक्त बनाना था।

समापन सत्र में केटी परनाइक मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। उन्होंने अपने संबोधन में सुरक्षा और सतत विकास के बीच गहरे संबंध को स्पष्ट किया। उन्होंने कहा कि मजबूत सीमा प्रबंधन, आधारभूत ढांचे का विस्तार और समावेशी विकास एक-दूसरे के पूरक स्तंभ हैं। इन सभी के समन्वित प्रयासों से देश की पूर्वी सीमाओं पर राष्ट्रीय सुदृढ़ता, क्षेत्रीय स्थिरता और दीर्घकालिक समृद्धि को सुनिश्चित किया जा सकता है।

संगोष्ठी के दौरान विभिन्न वक्ताओं ने पूर्वी सीमा क्षेत्र की वर्तमान परिस्थितियों, उभरती सुरक्षा चुनौतियों और व्यापक रणनीतिक परिवेश पर अपने विचार साझा किए। चर्चा में बदलते सुरक्षा हालात और संभावित खतरों के स्वरूप का विश्लेषण किया गया। वक्ताओं ने इस बात पर बल दिया कि सीमावर्ती क्षेत्रों में संतुलित विकास के लिए दीर्घकालिक सुरक्षा योजना, एकीकृत नीतिगत ढांचा और विभिन्न संस्थाओं के बीच प्रभावी समन्वय अत्यंत आवश्यक है।

कार्यक्रम के अंत में रणनीतिक जागरूकता बढ़ाने, अरुणाचल प्रदेश की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण और संवर्धन तथा सतत विकास की पहलों को आगे बढ़ाने पर जोर दिया गया। साथ ही राज्य में नागरिक और सैन्य तंत्र के बीच बेहतर तालमेल स्थापित करने की आवश्यकता भी रेखांकित की गई, ताकि क्षेत्र में स्थायी शांति, स्थिरता और समृद्धि को बढ़ावा मिल सके। यह संगोष्ठी पूर्वोत्तर क्षेत्र के समग्र विकास और राष्ट्रीय सुरक्षा को सुदृढ़ करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।