आणंद (गुजरात), 6 अप्रैल (आईएएनएस)। गुजरात में उमरेठ विधानसभा सीट पर उपचुनाव के लिए सोमवार को छह उम्मीदवारों ने कुल आठ नॉमिनेशन पेपर दाखिल किए। चुनाव आयोग की ओर से घोषित शेड्यूल के अनुसार 23 अप्रैल को वोटिंग होनी है। 30 मार्च को नोटिफिकेशन जारी होने के बाद नामांकन की प्रक्रिया शुरू हुई थी।
अधिकारियों के मुताबिक, 6 अप्रैल को नामांकन पेपर जमा करने वालों में जितेश कुमार सेवक (इंडिपेंडेंट), महेंद्र परमार (इंडिपेंडेंट), भृगुराज सिंह चौहान (कांग्रेस), रजनी कुमारी चौहान (कांग्रेस), निरूपाबेन मधु (इंडिपेंडेंट), और सुनील कुमार भट्ट (राइट टू रिकॉल पार्टी) शामिल हैं।
चुनाव आयोग की गाइडलाइंस के मुताबिक, उम्मीदवारों को अपने नॉमिनेशन पेपर के साथ फॉर्म-26 में एक एफिडेविट जमा करना होता है।
कांग्रेस कैंडिडेट, भृगुराज सिंह चौहान ने जीत का भरोसा जताया। फाइलिंग से पहले, ‘विजय विश्वास सम्मेलन’ नाम की एक मीटिंग हुई, जहां पार्टी नेताओं ने कार्यकर्ताओं को संबोधित किया।
कार्यक्रम में बोलते हुए राज्य कांग्रेस अध्यक्ष अमित चावड़ा ने भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा कि उसके नेता ‘सत्ता की वजह से घमंडी और निरकुंश’ हो गए हैं।
उन्होंने कहा कि यह उपचुनाव तुरंत सरकार नहीं बदलेगा, लेकिन निश्चित रूप से भविष्य की दिशा तय करेगा। उन्होंने आगे कहा कि यह सिर्फ दो उम्मीदवारों के बीच का मुकाबला नहीं है, बल्कि गुजरात के लोगों के दर्द, गुस्से और न्याय की मांग को आवाज देने की लड़ाई है।
उन्होंने आरोप लगाया कि भ्रष्टाचार से कमीशन का पैसा सीधे ‘कमलम’ तक पहुंचता है, और पूरा सिस्टम इसमें शामिल है।
तुषार चौधरी, भरत सिंह सोलंकी, जगदीश ठाकोर और इमरान खेड़ावाला समेत कांग्रेस के सीनियर नेता, आणंद जिले के पार्टी कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों के साथ नामांकन के दौरान मौजूद थे।
इस बीच, भाजपा ने दिवंगत विधायक गोविंद परमार के बेटे हर्षद परमार को मार्च में उनके पिता की निधन के कारण हुए उपचुनाव के लिए अपना उम्मीदवार बनाया है।

