हिमाचल पंचायत चुनाव: 742 नामांकन पत्र खारिज, 85,462 उम्मीदवारों की दावेदारी बरकरार

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शिमला, 13 मई (आईएएनएस)। हिमाचल प्रदेश में होने जा रहे पंचायती राज संस्थाओं के चुनाव के लिए दाखिल नामांकन पत्रों की जांच प्रक्रिया पूरी हो चुकी है। जांच के दौरान प्रदेशभर में 742 नामांकन पत्र निरस्त किए गए हैं, जबकि 85,462 उम्मीदवारों के नामांकन सही पाए गए हैं। राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी जानकारी के अनुसार, पंचायत चुनावों के लिए कुल 86,204 नामांकन पत्र जमा हुए थे। 12 और 13 मई को हुई छंटनी के बाद अधिकांश प्रत्याशियों को चुनाव लड़ने की अनुमति मिल गई है।

प्रदेश में पंचायत चुनावों की अधिसूचना 29 अप्रैल को जारी की गई थी। इसके बाद मई के पहले सप्ताह में उम्मीदवारों ने नामांकन दाखिल किए। रिटर्निंग अधिकारियों ने जिला स्तर पर दस्तावेजों की जांच कर अंतिम सूची तैयार की। आयोग ने स्पष्ट किया है कि उम्मीदवार 15 मई तक अपने नामांकन वापस ले सकते हैं। नाम वापसी की प्रक्रिया पूरी होने के बाद शेष उम्मीदवारों को चुनाव चिह्न आवंटित किए जाएंगे। प्रदेश में मतदान तीन चरणों में कराया जाएगा। पहले चरण की वोटिंग 26 मई, दूसरे चरण की 28 मई और तीसरे चरण की 30 मई को होगी। मतदान सुबह 7 बजे से दोपहर 3 बजे तक बैलेट पेपर और बैलेट बॉक्स के जरिए संपन्न कराया जाएगा।

राज्य निर्वाचन आयोग के सचिव सुरजीत सिंह राठौड़ ने बताया कि सबसे अधिक नामांकन कांगड़ा जिले में दर्ज किए गए हैं, जबकि लाहौल-स्पीति में सबसे कम उम्मीदवारों ने नामांकन भरे।

कांगड़ा जिले में सबसे ज्यादा 19,682 नामांकन पत्र प्राप्त हुए। इनमें से 254 नामांकन जांच में रद्द हुए, जबकि 19,428 उम्मीदवारों के नामांकन वैध पाए गए। मंडी जिले में 14,619 नामांकन दाखिल हुए थे। इनमें 54 नामांकन निरस्त किए गए और 14,565 उम्मीदवार चुनाव मैदान में बने हुए हैं। शिमला जिले में कुल 8,662 नामांकन दाखिल हुए। जांच के दौरान 49 नामांकन रद्द हुए और 8,613 उम्मीदवारों को मंजूरी मिली।

चंबा जिले में 8,479 उम्मीदवारों ने नामांकन भरे थे। इनमें 36 नामांकन खारिज हुए, जबकि 8,443 उम्मीदवारों के नामांकन स्वीकार किए गए। सिरमौर जिले में 5,970 नामांकन पत्र दाखिल हुए, जिनमें से 46 रद्द कर दिए गए। जिले में 5,924 उम्मीदवार चुनाव लड़ेंगे।

ऊना जिले में 5,840 नामांकन प्राप्त हुए, यहां 166 नामांकन पत्र खारिज किए गए, जो कांगड़ा के बाद दूसरी सबसे बड़ी संख्या है। 5,674 उम्मीदवारों के नामांकन वैध पाए गए।

कुल्लू जिले में 5,817 नामांकन दाखिल हुए थे। इनमें 26 नामांकन रद्द हुए और 5,791 उम्मीदवार चुनावी मैदान में बने हुए हैं।

सोलन जिले में 5,629 नामांकन पत्र दाखिल किए गए। जांच के दौरान 38 नामांकन निरस्त हुए, जबकि 5,591 उम्मीदवारों को मंजूरी मिली। हमीरपुर जिले में 5,375 नामांकन दाखिल हुए। इनमें 32 रद्द हुए और 5,343 उम्मीदवारों के नामांकन सही पाए गए। बिलासपुर जिले में 4,210 नामांकन पत्र प्राप्त हुए थे। इनमें से 15 नामांकन रद्द किए गए और 4,195 उम्मीदवारों के नामांकन स्वीकार किए गए।

किन्नौर जिले में 1,428 नामांकन पत्र दाखिल हुए। जांच में 23 नामांकन निरस्त हुए और 1,405 उम्मीदवारों को चुनाव लड़ने की अनुमति मिली। सबसे कम नामांकन लाहौल-स्पीति जिले में दर्ज किए गए, जहां कुल 493 नामांकन पत्र दाखिल हुए। इनमें 3 नामांकन रद्द हुए और 490 उम्मीदवारों के नामांकन वैध पाए गए। राज्य निर्वाचन आयोग के मुताबिक, पंचायत चुनाव की पूरी प्रक्रिया प्रदेशभर में शांतिपूर्ण और व्यवस्थित ढंग से आगे बढ़ रही है।