पीएम मोदी ने नीदरलैंड के पीएम से की वार्ता, सेमीकंडक्टर सहयोग को मिली गति

0
5

द हेग, 16 मई (आईएएनएस)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को नीदरलैंड के प्रधानमंत्री रॉब जेटेन के साथ प्रतिनिधिमंडल स्तर की वार्ता की। इस दौरान दोनों देशों के बीच सेमीकंडक्टर, डिजिटल तकनीक, शिक्षा, नवाचार और हरित साझेदारी जैसे क्षेत्रों में सहयोग को और मजबूत करने पर चर्चा हुई।

इससे पहले प्रधानमंत्री मोदी ने द हेग स्थित पैलेस हाउस टेन बॉश में नीदरलैंड के राजा विलेम-एलेक्जेंडर और महारानी मैक्सिमा से मुलाकात की।

प्रधानमंत्री मोदी और शाही दंपति ने भारत-नीदरलैंड संबंधों को और मजबूत बनाने, खासकर लोगों के बीच संपर्क बढ़ाने पर विचार-विमर्श किया। प्रधानमंत्री ने वर्ष 2019 में नीदरलैंड के शाही दंपति की भारत यात्रा को याद करते हुए कहा कि उस दौरे ने दोनों देशों के संबंधों को नई ऊर्जा और सकारात्मक दिशा दी थी।

दोनों पक्षों ने शिक्षा, नवाचार, सेमीकंडक्टर, डिजिटल तकनीक, जल प्रबंधन और हरित साझेदारी के क्षेत्रों में चल रही द्विपक्षीय पहलों पर संतोष व्यक्त किया। प्रधानमंत्री मोदी ने भारत के प्रति शाही परिवार की सद्भावना की सराहना करते हुए अपनी यात्रा के दौरान मिले गर्मजोशी भरे स्वागत के लिए आभार जताया। इस अवसर पर शाही परिवार ने प्रधानमंत्री मोदी के सम्मान में दोपहर भोज का आयोजन भी किया।

इस बीच, भारत की सेमीकंडक्टर महत्वाकांक्षाओं को बड़ा बल मिला है। टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स और एएसएमएल के बीच एक अहम समझौता हुआ, जिसका उद्देश्य भारत के चिप निर्माण इकोसिस्टम को मजबूत करना है।

यह समझौता प्रधानमंत्री मोदी और प्रधानमंत्री रॉब जेटन की मौजूदगी में हुआ। समझौता ज्ञापन के तहत एएसएमएल, गुजरात के धोलेरा में स्थापित होने वाली टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स की सेमीकंडक्टर सुविधा की स्थापना और विस्तार में सहयोग करेगा।

प्रधानमंत्री मोदी ने एक्स पर कहा कि यह साझेदारी भारत के सेमीकंडक्टर इकोसिस्टम को नई मजबूती देगी और उन्नत तकनीकी क्षेत्रों में अंतरराष्ट्रीय सहयोग को गहरा करेगी।

उन्होंने कहा, “प्रधानमंत्री रॉब जेटन और मैंने भारत में सेमीकंडक्टर मैन्युफैक्चरिंग इकोसिस्टम को आगे बढ़ाने के लिए टाटा और एएसएमएल के बीच हुए समझौते को देखा। एएसएमएल, गुजरात के धोलेरा में टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स की आगामी सेमीकंडक्टर सुविधा की स्थापना और विस्तार में सहयोग करेगा।”

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि सेमीकंडक्टर क्षेत्र में भारत की तेज प्रगति देश के युवाओं के लिए अपार अवसर पैदा कर रही है और भविष्य में नवाचार तथा रोजगार की मजबूत नींव तैयार कर रही है।