दरभंगा, 17 मई (आईएएनएस)। भाकपा (माले) के महासचिव दीपांकर भट्टाचार्य ने रविवार को डीजल और पेट्रोल की बढ़ी कीमतों को लेकर एनडीए सरकार की आलोचना करते हुए कहा कि महंगाई का बोझ गरीबों और मेहनतकशों पर डाला जा रहा है।
दरभंगा में तीन दिवसीय राज्य सम्मेलन के दूसरे दिन रविवार को एक प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए दीपांकर भट्टाचार्य ने कहा कि नीतीश कुमार कभी सुशासन, सामाजिक न्याय और सांप्रदायिकता के खिलाफ राजनीति की बात करते थे, लेकिन आज बिहार भाजपा के हवाले कर दिया गया है। उन्होंने कहा कि अब राज्य में बुलडोजर राज चल रहा है। गरीबों के घर गिराए जा रहे हैं। छात्रों और नौजवानों के आंदोलनों का दमन किया जा रहा है तथा विरोध की आवाजों को दबाया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि बिहार के विभिन्न जिलों से चुनकर आए प्रतिनिधि इस सम्मेलन में भाग ले रहे हैं। खेत मजदूर, किसान आंदोलन, छात्र-नौजवान, महिला आंदोलन और जनसंगठनों से जुड़े कार्यकर्ता सम्मेलन में शामिल हैं। सम्मेलन में बिहार की राजनीतिक परिस्थिति, संगठन के कामकाज की समीक्षा और आगे की कार्ययोजना पर चर्चा हो रही है।
प्रेस वार्ता में महिला हिंसा की बढ़ती घटनाओं पर चिंता जताते हुए उन्होंने कहा कि चुनाव के बाद महिलाओं के खिलाफ हिंसा बढ़ी है और पीड़ितों को न्याय नहीं मिल रहा। नीट परीक्षा पेपर लीक का मुद्दा उठाते हुए उन्होंने कहा कि शिक्षा और प्रतियोगी परीक्षाओं का पूरा तंत्र अपराधियों के प्रभाव में है। भाजपा संरक्षण में चल रहे इस भ्रष्ट तंत्र ने 22 लाख छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ किया है।
उन्होंने कहा कि जिस तरह के चुनाव आज देश में हो रहे हैं, वे लोकतंत्र के लिए गंभीर चुनौती बनते जा रहे हैं। मतदाता सूचियों से बड़े पैमाने पर नाम हटाए जा रहे हैं और चुनाव प्रक्रिया की निष्पक्षता पर सवाल खड़े हो रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि लोकतांत्रिक अधिकारों को कमजोर कर जनता की भागीदारी सीमित करने की कोशिश की जा रही है। सोमवार को सम्मेलन का समापन होगा। अंतिम दिन नई कमिटी का गठन और आगामी राजनीतिक कार्यक्रमों की घोषणा की जाएगी।

