चेन्नई, 17 मई (आईएएनएस)। एएमएमके के महासचिव टी.टी.वी. दिनाकरन ने रविवार को मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय और तमिलनाडु की सत्ताधारी टीवीके सरकार पर हमला बोला। उन्होंने सरकार की स्थिरता पर सवाल उठाते हुए उन पर सत्ता की खातिर अपने राजनीतिक सिद्धांतों से समझौता करने का आरोप लगाया।
तिरुची में प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए दिनाकरन ने कहा कि टीवीके सरकार के आसपास की मौजूदा राजनीतिक व्यवस्था अस्थिर लग रही है और इस बात पर संदेह पैदा करती है कि क्या गठबंधन का ढांचा आने वाले महीनों में टिक पाएगा?
दिनाकरन ने कहा कि मुझे नहीं पता कि विजय और वामपंथी दल अगले छह महीनों तक एक साथ रह पाएंगे या नहीं। टीवीके सरकार पहले से ही उथल-पुथल का सामना कर रही है। उन्होंने कहा कि चुनावों से पहले, वे एक गठबंधन में एक साथ खड़े थे, लेकिन चुनावों के बाद, वे सत्ता की खातिर एक अलग व्यवस्था की ओर चले गए हैं। इससे गंभीर सवाल खड़े होते हैं।
मुख्यमंत्री विजय पर निशाना साधते हुए एएमएमके नेता ने कहा कि उन्हें सोशल मीडिया की दिखावटी दुनिया से बाहर निकलकर शासन पर ध्यान देना चाहिए। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री को ‘इंस्टाग्राम रील्स प्रशासन’ से हटकर वास्तविक शासन की ओर बढ़ना चाहिए।
दिनाकरन ने विजय पर एआईएडीएमके के संबंध में विरोधाभासी राजनीतिक रुख अपनाने का भी आरोप लगाया। उन्होंने बताया कि विजय ने पहले एआईएडीएमके को एक भ्रष्ट पार्टी करार दिया था, लेकिन अब वह एआईएडीएमके विधायकों की ओर से दिए गए समर्थन से लाभ उठा रहे हैं।
उन्होंने कहा कि विजय ने पहले एआईएडीएमके को एक भ्रष्ट पार्टी कहा था, लेकिन अब उन्होंने इसके विधायकों से समर्थन स्वीकार कर लिया है। इसे कैसे सही ठहराया जा सकता है?
वरिष्ठ नेता के.ए. सेंगोत्तैयन पर निशाना साधते हुए दिनाकरन ने आरोप लगाया कि एआईएडीएमके को अंदर से कमजोर करने के प्रयास किए जा रहे हैं। वह अपनी जेब में जयललिता की तस्वीर रखते हैं, जबकि उस पार्टी को नष्ट करने की कोशिश कर रहे हैं, जिसे उन्होंने बनाया था। जयललिता की आत्मा उन लोगों को कभी माफ नहीं करेगी, जो एआईएडीएमके को कमजोर करने की कोशिश कर रहे हैं।
दिनाकरन ने चेतावनी दी कि टीवीके सरकार का समर्थन करने वाले एआईएडीएमके विधायकों के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की जा सकती है। उन्होंने दावा किया कि अगर एएमएमके या एआईएडीएमके विधायकों को मंत्री पद की पेशकश की जाती है, तो सीबीआई जांच की मांगें उठेंगी। उन्होंने कहा कि ऐसे कदमों के राजनीतिक परिणाम होंगे।

