Saturday, June 6, 2026
SGSU Advertisement
Home अंतर्राष्ट्रीय ‘2025 चीन पारिस्थितिक पर्यावरण स्थिति बुलेटिन’ जारी

‘2025 चीन पारिस्थितिक पर्यावरण स्थिति बुलेटिन’ जारी

0
7

बीजिंग, 5 जून (आईएएनएस)। विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर चीन के पारिस्थितिकी और पर्यावरण मंत्रालय ने शुक्रवार को ‘2025 चीन पारिस्थितिक पर्यावरण स्थिति बुलेटिन’ जारी किया। बुलेटिन के अनुसार, वर्ष 2025 में देश की पारिस्थितिकीय गुणवत्ता में लगातार सुधार दर्ज किया गया।

बुलेटिन में बताया गया है कि वर्ष 2025 में चीन के 339 शहरों में पीएम2.5 का औसत स्तर 29.3 माइक्रोग्राम प्रति घन मीटर रहा। वहीं, वर्ष 2026 में यह घटकर 28 माइक्रोग्राम प्रति घन मीटर हो गया। ‘14वीं पंचवर्षीय योजना’ (2021-2025) के दौरान भारी प्रदूषण वाले दिनों की संख्या में लगभग एक चौथाई की कमी आई।

इसके अलावा, पिछले वर्ष देश के सतही जल में उत्कृष्ट गुणवत्ता यानी ग्रेड I-III जल का अनुपात 91.4 प्रतिशत रहा, जो लगातार दूसरे वर्ष 90 प्रतिशत से अधिक दर्ज किया गया। यांग्त्ज़ी और पीली दोनों नदियों की मुख्य धाराओं का जल स्तर स्थिर रूप से ग्रेड II बना हुआ है।

बुलेटिन के अनुसार, वर्ष 2025 में चीन के तटीय जल क्षेत्रों में उत्कृष्ट गुणवत्ता वाले समुद्री क्षेत्रों का अनुपात लगभग 85 प्रतिशत रहा। कृषि भूमि की मिट्टी की गुणवत्ता भी स्थिर बनी रही, जबकि दूषित कृषि भूमि के सुरक्षित उपयोग की दर 93 प्रतिशत तक पहुंच गई। ग्रामीण क्षेत्रों में घरेलू सीवेज उपचार दर 55 प्रतिशत दर्ज की गई।

इसके साथ ही, देश का वन आवरण 25.09 प्रतिशत और घास-वन आवरण 56 प्रतिशत से अधिक रहा। पूरे देश में मृदा संरक्षण दर 73.09 प्रतिशत दर्ज की गई, जो वर्ष 2024 की तुलना में अधिक है।

गौरतलब है कि यह चीन का 37वां वार्षिक पारिस्थितिक पर्यावरण बुलेटिन है। इस वर्ष पहली बार हांगकांग और मकाऊ के पर्यावरण विभागों ने भी इसके संकलन में भाग लिया। बुलेटिन में वायु, समुद्र और ध्वनि प्रदूषण से जुड़े आंकड़े भी शामिल किए गए हैं।

चीनी पर्यावरण मंत्रालय के अधिकारी चांग तावेई ने कहा कि ‘14वीं पंचवर्षीय योजना’ (2021-2025) के दौरान देशभर में पीएम2.5 स्तर में 20 प्रतिशत की कमी आई है। वर्ष 2016 की तुलना में यह स्तर 33.3 प्रतिशत कम हुआ है। वहीं, सतही जल में उत्कृष्ट गुणवत्ता का अनुपात वर्ष 2016 की तुलना में 23.6 प्रतिशत बढ़ा है। उन्होंने कहा कि ये आंकड़े चीन की पारिस्थितिकीय सभ्यता निर्माण में हुई ठोस प्रगति को दर्शाते हैं।

(साभार- चाइना मीडिया ग्रुप, पेइचिंग)