लंदन/यमन, 5 जुलाई (आईएएनएस)। यूनाइटेड किंगडम मैरीटाइम ट्रेड ऑपरेशंस (यूकेएमटीओ) के अनुसार, रविवार को यमन के लाल सागर तट के पास एक मालवाहक जहाज पर अज्ञात हथियारबंद हमलावरों ने हमला किया है।
यूकेएमटीओ ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर बताया कि उसे यमन के होदेदाह बंदरगाह से करीब 30 समुद्री मील (लगभग 56 किलोमीटर) दक्षिण-पश्चिम में इस घटना की सूचना मिली। फिलहाल मामले की जांच जारी है। एजेंसी ने हमलावरों की पहचान, संभावित हताहतों या जहाज को हुए नुकसान के बारे में कोई जानकारी नहीं दी है।
एजेंसी ने कहा कि घटना की जांच की जा रही है। साथ ही क्षेत्र से गुजर रहे सभी जहाजों को सतर्क रहने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तुरंत सूचना देने की सलाह दी गई है।
फिलहाल किसी भी संगठन ने इस हमले की जिम्मेदारी नहीं ली है।
हाल के महीनों में लाल सागर और अदन की खाड़ी में व्यापारिक जहाजों पर हमले, जहाजों पर कब्जे की कोशिश और समुद्री डकैती की घटनाओं में लगातार बढ़ोतरी देखी गई है, जिससे इस क्षेत्र की समुद्री सुरक्षा को लेकर चिंता बनी हुई है।
पिछले सप्ताह भारतीय नौसेना ने समुद्री डकैती की कोशिश को नाकाम कर दिया था। नौसेना प्रवक्ता ने एक्स पर लिखा, “भारतीय नौसेना ने जिबूती से लगभग 300 समुद्री मील पूर्व-उत्तर-पूर्व में एक मालवाहक जहाज पर समुद्री डाकुओं के हमले की कोशिश को विफल किया।”
एमवी गोल्डन आर्सेनल नाम का यह जहाज सेंट विंसेंट एंड द ग्रेनाडाइंस के झंडे के तहत संचालित हो रहा था और यमन के अदन से रवाना हुआ था। जहाज पर 21 चालक दल के सदस्य, जिनमें एक भारतीय नागरिक भी शामिल था, सवार थे।
सूचना मिलने के बाद भारतीय नौसेना के युद्धपोत आईएनएस त्रिकंड को तत्काल मौके पर भेजा गया। जहाज के कप्तान ने पुष्टि की कि सभी चालक दल के सदस्य सुरक्षित हैं, हालांकि हमले में जहाज के ब्रिज और उससे जुड़े हिस्सों को नुकसान पहुंचा था। हमले के दौरान चालक दल ने जहाज के सुरक्षित हिस्से (सिटाडेल) में शरण लेकर अपनी जान बचाई।

