मुंबई, 9 जुलाई (आईएएनएस)। भारतीय पिकलबॉल एसोसिएशन (आईपीए) ने पिकलबॉल वर्ल्ड कप 2026 के लिए भारतीय टीम की घोषणा कर दी है। यह टूर्नामेंट 30 अगस्त से 6 सितंबर तक वियतनाम के दा नांग शहर में खेला जाएगा। भारतीय टीम का चयन कड़े ट्रायल और प्रतिस्पर्धी चयन प्रक्रिया के बाद किया गया है। यह टीम प्रोफेशनल वर्ग में भारत का प्रतिनिधित्व करेगी।
इस बार टीम की कमान अनुभवी खिलाड़ी हर्ष मेहता को सौंपी गई है। हर्ष लंबे समय से अंतरराष्ट्रीय पिकलबॉल सर्किट में भारत का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं और उनके अनुभव से टीम को काफी उम्मीदें हैं। हर्ष के साथ युवा खिलाड़ी अर्जुन सिंह भी टीम का हिस्सा हैं। अर्जुन अंडर-18 वर्ग में भारत का प्रतिनिधित्व करेंगे और उसी वर्ग की टीम की कप्तानी भी संभालेंगे।
पुरुष टीम में हर्ष मेहता, अर्जुन सिंह, अनीश फ्रोलियन और अमन पटेल को जगह मिली है। वहीं, महिला टीम में मिहिका यादव, आलिया इब्राहिम, पर्ल अमलसदीवाला और नाओमी अमलसदीवाला को शामिल किया गया है। टीम के कप्तान हर्ष मेहता ने चयन के बाद खुशी जताते हुए कहा कि प्रतिभा मैच जिताती है, लेकिन एकजुट टीम ही चैंपियन बनाती है। उन्होंने कहा कि पूरी टीम अपनी क्षमता के अनुसार सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने के लिए तैयार है और उन्हें उम्मीद है कि भारत इस बार वर्ल्ड कप में शानदार प्रदर्शन करेगा। उन्होंने कप्तानी मिलने पर भारतीय पिकलबॉल एसोसिएशन का आभार भी जताया।
महिला टीम की खिलाड़ी पर्ल और नाओमी अमलसदीवाला ने पिछले एक साल में घरेलू प्रतियोगिताओं में लगातार शानदार प्रदर्शन किया है। दोनों ने महिला डबल्स और मिक्स्ड डबल्स में कई टूर्नामेंटों में पदक जीते हैं। नाओमी अमलसदीवाला और अर्जुन सिंह की जोड़ी मिक्स्ड डबल्स में भारत की सबसे मजबूत जोड़ियों में मानी जा रही है। हाल के समय में इस जोड़ी ने विश्व रैंकिंग की शीर्ष टीमों को हराकर अपनी क्षमता साबित की है।
भारतीय पिकलबॉल एसोसिएशन के अध्यक्ष सूर्यवीर सिंह भुल्लर ने कहा कि इस बार भारत के पास बेहद मजबूत और संतुलित टीम है। उन्होंने कहा कि हर्ष मेहता के नेतृत्व में अर्जुन, अनीश, अमन, आलिया, मिहिका, पर्ल अमलसदीवाला और नाओमी अमलसदीवाला जैसे खिलाड़ियों के रहते भारत सिर्फ मुकाबला करने नहीं, बल्कि खिताब जीतने के इरादे से वियतनाम जाएगा।
पिछले वर्ल्ड कप में कांस्य पदक जीतने वाली भारतीय टीम इस बार नए उत्साह और बड़े लक्ष्य के साथ मैदान में उतरेगी। बेहतर प्रदर्शन सुनिश्चित करने के लिए सभी चयनित खिलाड़ियों को विशेष प्रशिक्षण दिया जाएगा। इसके तहत तकनीकी कौशल, फिटनेस, मानसिक मजबूती और सही खेल पोषण पर ध्यान देते हुए विशेष ट्रेनिंग कैंप आयोजित किए जाएंगे, ताकि खिलाड़ी वर्ल्ड कप में अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन कर सकें।

