Tuesday, July 14, 2026
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वक्फ संशोधन कानून का मकसद संपत्तियों को बचाना, अवैध कब्जेदारों पर होगी कार्रवाई : मंत्री दानिश आजाद

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लखनऊ, 14 जुलाई (आईएएनएस)। उत्तर प्रदेश के अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री दानिश आजाद ने वक्‍फ संपत्ति के बड़े घोटाले के आरोपों पर प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि सरकार वक्‍फ संपत्तियों के पारदर्शी प्रबंधन के लिए प्रतिबद्ध है और किसी भी जांच के नतीजों के आधार पर उचित कार्रवाई करेगी।

ऑल इंडिया मुस्लिम जमात के राष्ट्रीय अध्यक्ष मौलाना शहाबुद्दीन रजवी द्वारा सुन्नी और शिया वक्फ बोर्डों पर वक्फ जमीन के मैनेजमेंट में गड़बड़ी का आरोप लगाने पर मंत्री दानिश आजाद अंसारी कहते हैं, “केंद्र सरकार द्वारा लाए गए वक्फ संशोधन अधिनियम का मकसद वक्फ संपत्तियों को गलत इस्तेमाल, अवैध कब्‍जे और अतिक्रमण से बचाना था। अगर हम आंकड़ों को देखें तो पाएंगे कि वक्फ संपत्तियों पर सबसे ज्‍यादा अवैध अतिक्रमण 2012 और 2017 के बीच हुआ। यह वह समय था जब उत्तर प्रदेश में समाजवादी पार्टी की सरकार थी।

उन्‍होंने आईएएनएस से बातचीत के दौरान कहा कि समाजवादी पार्टी मुसलमानों की हितैषी होने का दावा करती है। सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि वक्‍फ संपत्तियों पर कब्‍जे करने वाले समाजवादी पार्टी के नेता थे। सपा नेताओं ने सुनियोजित तरीके से वक्फ संपत्तियों पर अवैध कब्जा किया, उनका गलत इस्तेमाल किया और अवैध अतिक्रमण किया। केंद्र सरकार इन उद्देश्यों के साथ यह संशोधन लेकर आई। समाजवादी पार्टी के कुछ नेताओं ने इसका विरोध किया, क्योंकि वे वक्फ संपत्तियों पर अवैध रूप से कब्जा किए हुए थे और उन्हें डर था कि इस संशोधन के बाद वे उन संपत्तियों पर अपना नियंत्रण खो देंगे जिनका इस्तेमाल वे अपने निजी हितों के लिए कर रहे थे।”

मंत्री दानिश आजाद अंसारी ने कहा,”निश्चित रूप से, वक्फ संपत्तियों का इस्तेमाल मुस्लिम समुदाय के विकास के लिए किया जाना चाहिए। जो लोग वक्फ संपत्तियों पर अवैध कब्जा किए हुए हैं, उन्हें हटाया जाएगा और जिन्होंने अतीत में ऐसी संपत्तियां बेची हैं, उन्हें भी बख्शा नहीं जाएगा। उनके खिलाफ जांच की जाएगी और सख्त से सख्त कार्रवाई की जाएगी।”