Friday, July 31, 2026
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झारखंडः जामताड़ा में प्रसूता एवं नवजात की मौत और आंदोलनकारियों पर एफआईआर के विरोध में भाजपा का प्रदर्शन

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जामताड़ा, 31 जुलाई (आईएएनएस)। झारखंड के जामताड़ा सदर अस्पताल में इलाज में कथित लापरवाही के कारण एक प्रसूता एवं उसके नवजात की मौत के मामले और इस मुद्दे पर आंदोलन करने वालों पर एफआईआर दर्ज कराए जाने के खिलाफ शुक्रवार को नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी के नेतृत्व में भाजपा ने जोरदार प्रदर्शन किया। भाजपा कार्यकर्ताओं ने सदर अस्पताल के पास से रैली निकाली और नारेबाजी करते हुए समाहरणालय पहुंचे। वहां आयोजित सभा में नेताओं ने राज्य सरकार और जिला प्रशासन पर स्वास्थ्य व्यवस्था, भर्ती परीक्षाओं, रोजगार, शिक्षा, सड़क, कानून-व्यवस्था और भ्रष्टाचार के मुद्दे पर निशाना साधा।

उल्लेखनीय है कि 17 जुलाई को रीना देवी नामक प्रसूता और उसके नवजात की मौत के बाद अस्पताल में आक्रोशित लोगों ने तोड़फोड़ की थी और सड़क जाम कर दिया था। इस मामले में अस्पताल प्रशासन की शिकायत पर भाजपा जिलाध्यक्ष सुमित शरण, जिला महामंत्री कमलेश मंडल, युवा मोर्चा जिलाध्यक्ष कुणाल सिंह, नगर अध्यक्ष प्रदीप रावत सहित आठ नामजद और कई अज्ञात लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की थी। झारखंड के नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने इसे सरकार की तुगलकी कार्रवाई करार दिया।

सभा को संबोधित करते हुए मरांडी ने आरोप लगाया कि झारखंड में स्वास्थ्य व्यवस्था बदहाल है और सरकार जनता की समस्याओं के समाधान के बजाय अपने हितों को प्राथमिकता दे रही है। उन्होंने अस्पतालों की बदहाल स्थिति और सरकारी एंबुलेंस सेवाओं पर भी सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि टेंडर प्रक्रिया में कमीशनखोरी हो रही है और सरकार के करीबी लोगों को लाभ पहुंचाया जा रहा है। नेता प्रतिपक्ष ने अवैध खनन और बालू, लोहा तथा कोयला कारोबार में कथित अनियमितताओं का भी आरोप लगाया।

उन्होंने कहा कि राज्य के पास प्रचुर खनिज संपदा होने के बावजूद इसका अपेक्षित लाभ जनता को नहीं मिल रहा है। जेपीएससी और जेएसएससी की भर्ती परीक्षाओं में कथित गड़बड़ियों का मुद्दा उठाते हुए उन्होंने सरकार पर पारदर्शिता नहीं बरतने का आरोप लगाया। पूर्व सांसद सुनील सोरेन ने प्रशासन पर पक्षपातपूर्ण कार्रवाई का आरोप लगाया और अधिकारियों से निष्पक्ष होकर काम करने की अपील की। पूर्व मंत्री रणधीर सिंह ने स्वास्थ्य सेवाओं की स्थिति पर सवाल उठाते हुए जिला प्रशासन पर दबाव में काम करने का आरोप लगाया।

पूर्व विधायक एवं जामताड़ा से भाजपा प्रत्याशी रही सीता सोरेन ने सरकार के साढ़े छह वर्ष के कार्यकाल को विफल बताते हुए स्वास्थ्य, रोजगार और शिक्षा के मुद्दे उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि अपनी मांगों को लेकर आवाज उठाने वाले युवाओं पर मुकदमे दर्ज किए जा रहे हैं।

–आईएएनएस

एसएनसी/पीएम