Monday, August 3, 2026
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ऑस्ट्रेलिया: मृत पक्षियों में एच5एन1 वायरस मिलने से हड़कंप, सरकार बोली- बड़ा नुकसान तय

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कैनबरा, 3 अगस्त (आईएएनएस)। ऑस्ट्रेलिया में पहली बार घातक एच5एन1 बर्ड फ्लू के कारण वन्यजीवों की बड़े पैमाने पर मौत की आधिकारिक पुष्टि हुई है। वैज्ञानिक संस्था सीएसआईआरओ ने जांच के बाद पाया कि दक्षिण ऑस्ट्रेलिया में बड़ी संख्या में मृत पाए गए ग्रेटर क्रेस्टेड टर्न (समुद्री पक्षी) एच5एन1 संक्रमण से ग्रसित थे।

दक्षिण ऑस्ट्रेलिया के रोब में एक सीगल भी इस बीमारी से संक्रमित पाया गया है। दक्षिण ऑस्ट्रेलिया में सप्ताहांत के दौरान हवाई सर्वेक्षण में 49 ग्रेटर क्रेस्टेड टर्न मृत और 35 बीमार पाए गए थे। इन पक्षियों के नमूने जांच के लिए सीएसआईआरओ भेजे गए थे, जिनकी रिपोर्ट अब पॉजिटिव आई है। इसके साथ ही यह ऑस्ट्रेलिया में एच5एन1 से जुड़ी पहली आधिकारिक मास मॉर्टेलिटी (बड़े पैमाने पर मौत) की घटना बन गई है।

सोमवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस में कृषि मंत्री जूली कॉलिन्स ने कहा, “दुर्भाग्य से हम जानते हैं कि एक बार एच5 बर्ड फ्लू वन्यजीवों और प्राकृतिक पर्यावरण में फैल जाए तो बड़ी संख्या में नुकसान को टालना संभव नहीं है – और अब हम वही देखना शुरू कर रहे हैं।”

उन्होंने कहा कि अधिकारी ऑस्ट्रेलियाई वन्यजीवों में वायरस के प्रसार पर नजर रखना जारी रखेंगे।” ऑस्ट्रेलियाई लोगों को अब और अधिक प्रसार और बड़ी संख्या में वन्यजीवों के प्रभावित होने की उम्मीद करनी चाहिए।”

कॉलिन्स ने बताया कि देश में अब तक एच5एन1 बर्ड फ्लू के 74 मामलों की पुष्टि हो चुकी है। इनमें 54 मामले दक्षिण ऑस्ट्रेलिया,10 पश्चिमी ऑस्ट्रेलिया, 7 विक्टोरिया, 2 न्यू साउथ वेल्स और 1 क्वींसलैंड में दर्ज किए गए हैं।

पर्यावरण मंत्री मरे वॉट ने कहा कि लोगों को आने वाले समय के लिए तैयार रहना होगा। उनके मुताबिक यह केवल शुरुआत है और बर्ड फ्लू के फैलने के साथ वन्यजीवों में इस तरह की घटनाएं आगे भी देखने को मिल सकती हैं।

उन्होंने कहा, ” जंगली पक्षियों और अन्य वन्य जीवों की आवाजाही को रोका नहीं जा सकता। यही वजह है कि संक्रमण नए इलाकों में फैल सकता है और भविष्य में भी बड़े पैमाने पर पक्षियों की मौत की घटनाएं सामने आ सकती हैं।” हालांकि सरकार स्थानीय पक्षियों और वन्यजीवों की आबादी को सुरक्षित रखने के लिए उनकी प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने और निगरानी मजबूत करने पर काम कर रही है।