Wednesday, August 5, 2026
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‘महिलाओं के खिलाफ असंसदीय भाषा से बचना चाहिए’ कांग्रेस की ‘गूंगी गुड़िया’ पोस्ट पर पृथ्वीराज चव्हाण का ऐतराज

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मुंबई, 4 अगस्त (आईएएनएस)। महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस नेता पृथ्वीराज चव्हाण ने उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार को लेकर राज्य कांग्रेस की सोशल मीडिया पोस्ट पर नाराजगी जताई है। उन्होंने कहा कि महिलाओं के लिए राजनीति में पहले से ही कम जगह है, ऐसे में उनके खिलाफ असंसदीय टिप्पणी से बचा जाना चाहिए।

चव्हाण ने मंगलवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर पोस्ट करते हुए लिखा, “आज सुबह दिल्ली में अंजली ताई दमानिया का फोन आया। उन्होंने महाराष्ट्र की डिप्टी सीएम सुनेत्रा पवार के बारे में राज्य कांग्रेस द्वारा सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर ‘गूंगी गुड़िया’ पोस्ट पर ऐतराज जताया। मैंने उनसे कहा कि मैं इसकी जांच करूंगा।”

पूर्व सीएम ने बीड में हुई एक घटना का जिक्र करते हुए कहा कि वहां प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान जब एक पत्रकार ने गार्डियन मिनिस्टर सुनेत्रा पवार से बीड जिले में लॉ एंड ऑर्डर के मुद्दे पर सवाल पूछा, तो उन्होंने बिना जवाब दिए प्रेस कॉन्फ्रेंस खत्म कर दी। चव्हाण के मुताबिक इसी पर कांग्रेस के सोशल मीडिया हैंडल से टिप्पणी की गई थी।

उन्होंने कहा, “जाहिर है महिलाओं के मामले में ऐसी भाषा से बचा जा सकता था। असल में महिलाओं की पॉलिटिक्स में बहुत कम जगह है। अगर कोई महिला पॉलिटिक्स में एक्टिव रूप से काम कर रही है तो उसे बढ़ावा देना चाहिए। पत्रकारों को सवाल पूछने का अधिकार है और मंत्रियों को जवाब न देने का भी। लेकिन इस वजह से बीड जिले में लॉ एंड ऑर्डर की स्थिति पर कोई जवाब नहीं मिला। इसके लिए पूरी तरह से मुख्यमंत्री और गृह मंत्री जिम्मेदार हैं, उन्हें इसका जवाब देना चाहिए।”

चव्हाण ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और कांग्रेस की परंपरा की तुलना भी की। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री ने पिछले 12 सालों में पत्रकारों को जवाब न देने की परंपरा बनाई है।

उन्होंने स्वर्गीय राम मनोहर लोहिया और इंदिरा गांधी का उदाहरण देते हुए कहा, “लोहिया ने इंदिरा गांधी के बारे में ऐसे शब्द इस्तेमाल किए थे, लेकिन इंदिरा गांधी ने उन्हें एक्शन से जवाब दिया।”

पृथ्वीराज चव्हाण ने कहा कि सुनेत्रा पवार राजनीति में सक्रिय हैं और राज्य के एक संवैधानिक पद की जिम्मेदारी संभाल रही हैं। ऐसे में उनके बारे में मर्यादा से हटकर बोलना ठीक नहीं है। “बेशक, मैं उनसे एक्शन से जवाब देने की उम्मीद करता हूं।”

अंत में उन्होंने पार्टी कार्यकर्ताओं को भी नसीहत दी। चव्हाण ने कहा, “मेरा इस पद से कोई लेना-देना नहीं है, लेकिन मेरे खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया जा रहा है। किसी पर भी आरोप लगाने से पहले कार्यकर्ताओं को तथ्यों के बारे में पूरी जानकारी लेनी चाहिए।”