नई दिल्ली, 20 अगस्त (आईएएनएस)। कांग्रेस की ऑफ-ब्रीफिंग में गुरुवार को कई मुद्दों पर चर्चा हुई। कांग्रेस संचार प्रभारी महासचिव जयराम रमेश ने बताया कि बैठक में पेपर लीक से लेकर परिसीमन तक कई मुद्दे उठे।
जयराम रमेश ने कहा कि पेपर लीक को लेकर राज्यों के अलग-अलग कानून हैं और केंद्र का अलग कानून है। बैठक में इस बात पर चर्चा हुई कि दोनों में समन्वय कैसे बिठाया जाए ताकि पेपर लीक रोका जा सके। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने स्कूलों के बंद होने और शिक्षा के निजीकरण का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि इस पर विशेषज्ञों की राय ली जाए और पार्टी आगे क्या कर सकती है इस पर विचार किया जाए।
कांग्रेस पार्टी ने बताया कि ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम 400 जगहों पर होगा। यह सिर्फ बड़े शहरों में नहीं बल्कि छोटे-छोटे कस्बों में भी होगा। सभी जगहों पर राहुल गांधी नहीं जाएंगे, अलग-अलग नेता कार्यक्रम में शामिल होंगे। राम मंदिर चढ़ावा मामले को लेकर भी करीब 30-40 मिनट चर्चा हुई। सभी वक्ताओं ने इस पर अपनी बात रखी। यूपी कांग्रेस ने पहले ही इस मुद्दे पर विरोध किया था, अब हर राज्य में प्रदर्शन किए जाएंगे।
कांग्रेस ने सुप्रीम कोर्ट के जज से चढ़ावा मामले की जांच की मांग की है लेकिन सीडब्ल्यूसी के एक वरिष्ठ वकील सदस्य ने कहा कि निष्पक्ष जज से जांच की मांग होनी चाहिए।
मीटिंग में भारत-चीन संबंधों पर भी बात हुई। जातिगत जनगणना को लेकर पार्टी ने कहा कि प्रधानमंत्री ने जो वादा किया था वो पूरा नहीं हो रहा है। जिस तरह से अभी जनगणना कराई जा रही है उससे कोई फायदा नहीं होगा।
परिसीमन पर कांग्रेस ने तीन फैसले लिए हैं, जिनमें लोकसभा की मौजूदा 545 सीटों को 25 साल तक फ्रीज करने, राज्यों की मौजूदा सीटों की संख्या बरकरार रखने को कहा गया है। इसके साथ ही महिला आरक्षण 2029 के चुनाव में लागू करने की बात कही गई है। पार्टी का कहना है कि परिसीमन से पहले इन मुद्दों पर स्पष्टता जरूरी है।

