पटना, 31 अगस्त (आईएएनएस)। केरलम के इस्लामिक स्कॉलर की टिप्पणी पर बिहार के मंत्री अशोक चौधरी ने आपत्ति जताई है। साथ ही उन्होंने बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात पर भी सकारात्मक प्रतिक्रिया दी।
भारत के ग्रैंड मुफ्ती शेख अबूबकर अहमद द्वारा महिलाओं को लेकर दिए गए बयान पर मंत्री अशोक चौधरी ने कहा कि अगर हिंदुस्तान को अमृतकाल में ले जाना है, देश को वापस सोने की चिड़िया बनाना है तो महिलाओं को पुरुषों के साथ मिलकर काम करना होगा। भारत में हर क्षेत्र में महिलाएं आगे बढ़ रही हैं। ऑपरेशन सिंदूर में हमारी महिला पायलट ने सहयोग किया है। अगर महिलाओं को सशक्त करना है तो आप आधी आबादी को एकांत में यानी घर में बैठने के लिए कैसे कह सकते हैं।
उन्होंने कहा कि जो लोग इस तरह की बातें कहते हैं वे पुरुष प्रधान समाज से ग्रसित हैं। देश को आगे ले जाना है तो बेटा और बेटी में कोई फर्क नहीं रखना चाहिए।
दरअसल, कोच्चि में आयोजित ‘हुब्बुल रसूल सम्मेलन’ में अबूबकर ने कहा कि महिलाओं को अपने घरों तक ही सीमित रहना चाहिए।
मंत्री अशोक चौधरी ने कहा कि मुख्यमंत्री सहयोग की अपेक्षा कर रहे हैं और बार-बार केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात कर रहे हैं। इससे पहले भी उन्होंने वित्त मंत्री से मुलाकात की थी। मौजूद नेपाल में बाढ़ और गाद नीति का जो प्रबंधन है, जिसके लिए नीतीश कुमार ने प्रेस वार्ता की थी। वह लगातार बोलते रहे हैं कि राष्ट्रीय गाद नीति बननी चाहिए। संजय झा ने पार्लियामेंट में इस बात को उठाया था कि फरक्का जल संधि की समय सीमा खत्म होने वाली है। इस संधि को आगे नहीं बढ़ानी चाहिए। यह हमारे लिए उचित नहीं है। इससे हमारी आने वाली पीढ़ी को पानी की समस्या पैदा हो सकती है।
जहरीली शराब पीने से चार लोगों की मौत को लेकर उन्होंने कहा इस मामले की जांच पुलिस कर रही है। इस देश में ऐसे काम करने वालों की कमी नहीं है। हर जगह गैर कानूनी काम करने वाले लोग हैं। सरकार उस पर कानूनी कार्रवाई करेगी।
टीएमसी सांसद अभिषेक बनर्जी के ऑफिस में हुई हाथापाई के मामले में पुलिस द्वारा नोटिस भेजे जाने के मामले में अशोक चौधरी ने कहा कि यह बड़ी बात नहीं है। यह कानूनी प्रक्रिया है। अगर बनर्जी नहीं जाते तो पुलिस कोर्ट जाएगी, वारंट लेगी।
