रांची, 9 सितंबर ( आईएएनएस)। झारखंड में 1 अक्टूबर तक 18 वर्ष की आयु पूरी करने वाले पात्र युवाओं का नाम मतदाता सूची में जोड़ने के लिए विशेष अभियान चलाया जाएगा। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के रवि कुमार ने सभी जिलों को ऐसे युवाओं की पहचान कर निर्धारित प्रक्रिया के तहत उनका पंजीकरण सुनिश्चित करने का निर्देश दिया है।
उन्होंने बुधवार को सभी जिला निर्वाचन पदाधिकारियों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए बैठक में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर), दावा-आपत्ति की सुनवाई, नए मतदाताओं के पंजीकरण और मतदाता सेवाओं की समीक्षा की। के रवि कुमार ने खास तौर पर उन मतदान केंद्रों की समीक्षा करने को कहा, जहां नए मतदाताओं के नाम जोड़ने के लिए शून्य या केवल एक से पांच फॉर्म-6 प्राप्त हुए हैं।
उन्होंने कहा कि ऐसे बूथों पर बूथ लेवल अधिकारियों (बीएलओ) के माध्यम से पात्र युवाओं की पहचान की जाए। जिन युवाओं की उम्र 1 अक्टूबर तक 18 वर्ष हो रही है और वे मतदाता सूची में शामिल नहीं हैं, उनसे फॉर्म-6 और जरूरी घोषणा-पत्र लेकर उनका पंजीकरण कराया जाए।
उन्होंने स्पष्ट किया कि कोई भी पात्र भारतीय नागरिक मतदाता सूची में शामिल होने से वंचित नहीं रहना चाहिए। साथ ही आवेदन और दस्तावेजों के सत्यापन से लेकर निर्वाचन संबंधी डेटा तक प्रभावी निगरानी रखने का निर्देश दिया गया है, ताकि किसी तरह की अनियमितता की पुनरावृत्ति न हो। दावा-आपत्ति की सुनवाई को लेकर भी जिलों को निर्देश दिए गए हैं।
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने कहा कि सुनवाई के दौरान भीड़ से बचने के लिए टोकन व्यवस्था लागू की जाए। लोगों को क्रमवार बुलाया जाए और प्रत्येक आवेदक को अपना पक्ष रखने का पर्याप्त अवसर दिया जाए। दस्तावेजों और तथ्यों की जांच के बाद नियमानुसार फैसला लेने को कहा गया है। मतदाताओं की शिकायतों के त्वरित समाधान पर भी जोर दिया गया।
जिला निर्वाचन अधिकारियों को राष्ट्रीय मतदाता सेवा पोर्टल (एनवीएसपी) पर मिली शिकायतों का समयबद्ध निपटारा सुनिश्चित करने को कहा गया है। ईसीआईनेट की ‘बुक अ कॉल’ सुविधा से मिलने वाली शिकायतों पर भी तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।
