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ग्रेटर नोएडा वेस्ट की ला रेजिडेंशिया सोसाइटी में उल्लुओं का आतंक, 5-6 लोगों पर कर चुके हमला

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ग्रेटर नोएडा, 11 सितंबर (आईएएनएस)। ग्रेटर नोएडा वेस्ट की ला रेजिडेंशिया सोसाइटी में इन दिनों उल्लुओं के एक जोड़े ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी है। सोसाइटी में रहने वाले लोगों का आरोप है कि उल्लुओं का यह जोड़ा लगातार लोगों पर हमला कर रहा है। अब तक करीब पांच से छह सोसाइटी निवासी इनके हमले का शिकार हो चुके हैं। अचानक ऊपर से झपट्टा मारने के कारण लोग दहशत में हैं और रात के समय अकेले आने-जाने से बच रहे हैं।

मामले की शिकायत वन विभाग के अधिकारियों से की गई है। रेजिडेंट्स ने जिला वन अधिकारी (डीएफओ) से भी मामले में हस्तक्षेप कर उल्लुओं को सुरक्षित तरीके से रेस्क्यू कराने की गुहार लगाई है। निवासियों के मुताबिक, सोसाइटी परिसर में पिछले कुछ समय से उल्लुओं का एक जोड़ा लगातार दिखाई दे रहा है। दोनों उल्लू अक्सर सोसाइटी की सड़कों, पेड़ों और स्ट्रीट लाइट के आसपास बैठे नजर आते हैं। रात के समय जब लोग पैदल गुजरते हैं तो इनमें से एक या दोनों अचानक उनकी ओर झपट्टा मार देते हैं।

हमले में कुछ लोगों को सिर और शरीर पर खरोंच आने की शिकायत है। घटना के बाद सोसाइटी के लोगों में भय का माहौल बना हुआ है। निवासियों ने बताया कि उल्लुओं के हमले का कोई निश्चित समय नहीं है। कई बार लोग सामान्य रूप से सड़क या परिसर के खुले हिस्से से गुजर रहे होते हैं, तभी ऊपर से उल्लू तेजी से नीचे आता है और व्यक्ति को निशाना बनाने की कोशिश करता है। लगातार हो रही घटनाओं के कारण खासतौर पर बच्चों, बुजुर्गों और देर रात ड्यूटी से लौटने वाले लोगों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है।

सोसाइटी के लोगों ने बताया कि उल्लुओं का यह जोड़ा कई स्थानों पर लगातार नजर आ रहा है। तस्वीरों में भी दोनों उल्लू सोसाइटी की स्ट्रीट लाइट के आसपास बैठे दिखाई दे रहे हैं। निवासियों का कहना है कि उन्हें पक्षियों को नुकसान पहुंचाने या मारने की कोई इच्छा नहीं है, बल्कि वन विभाग से इन्हें सुरक्षित तरीके से रेस्क्यू कर प्राकृतिक वातावरण में छोड़ने की मांग की गई है।

रेजिडेंट्स ने वन विभाग से जल्द टीम भेजकर स्थिति का जायजा लेने और उल्लुओं को सुरक्षित स्थान पर स्थानांतरित करने की मांग की है। उनका कहना है कि यदि समय रहते कार्रवाई नहीं की गई तो किसी व्यक्ति, विशेषकर बच्चे या बुजुर्ग को गंभीर चोट लग सकती है। वहीं, लोगों को भी सलाह दी जा रही है कि रात के समय पेड़ों और स्ट्रीट लाइट के आसपास सावधानी से निकलें और उल्लुओं को छेड़ने या उनके नजदीक जाने से बचें।

निवासियों का कहना है कि वन विभाग की टीम मौके पर पहुंचकर उल्लुओं के व्यवहार और उनके ठिकाने की जांच करे, ताकि समस्या का समाधान पक्षियों को नुकसान पहुंचाए बिना किया जा सके। फिलहाल सोसाइटी में उल्लुओं के हमलों को लेकर लोगों में डर और चिंता का माहौल बना हुआ है।