नई दिल्ली, 18 सितंबर (आईएएनएस)। एफसीआरए बिल पर संसद की संयुक्त समिति (जेपीसी) के अध्यक्ष संजय जायसवाल ने शुक्रवार को भरोसा जताया कि समिति संसद के शीतकालीन सत्र से पहले अपनी रिपोर्ट सौंप देगी।
समिति की पहली बैठक के बाद संजय जायसवाल ने पत्रकारों से बातचीत में कहा, “बैठक बहुत सुचारू और बेहतर तालमेल के साथ हुई। सभी सदस्यों ने अपने सवाल रखे।”
उन्होंने कहा, “हमारा उद्देश्य और हमें दिया गया दायित्व शीतकालीन सत्र से पहले रिपोर्ट सौंपना है। हमें पूरा विश्वास है कि हम इस लक्ष्य को हासिल कर लेंगे।”
बिहार के बेतिया से भाजपा सांसद जायसवाल ने बताया कि समिति की पहली बैठक में गृह सचिव ने भी सदस्यों को जानकारी दी। उन्होंने कहा कि परंपरा के अनुसार संबंधित मूल विभाग समिति के सदस्यों के सामने अपना पक्ष और जानकारी रखता है।
प्रस्तावित विदेशी अंशदान (विनियमन) संशोधन विधेयक 2026 की जांच के लिए इस महीने की शुरुआत में संसद की 31 सदस्यीय संयुक्त समिति का गठन किया गया था।
लोकसभा के एक बुलेटिन के अनुसार, लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला द्वारा गठित इस समिति में लोकसभा के 21 और राज्यसभा के 10 सदस्य शामिल हैं।
समिति को प्रस्तावित एफसीआरए संशोधन विधेयक के प्रावधानों की जांच करने और विधेयक को संसद में आगे बढ़ाए जाने से पहले संभावित बदलावों पर विचार करने का जिम्मा दिया गया है।
विपक्षी दलों के विरोध के बीच 12 अगस्त को विधेयक को संयुक्त समिति के पास भेजा गया था। विपक्षी दलों का आरोप था कि प्रस्तावित बदलावों का अल्पसंख्यकों और गैर-सरकारी संगठनों (एनजीओ) पर प्रतिकूल असर पड़ सकता है।
विपक्षी दलों ने विधेयक को वापस लेने की मांग की थी। हालांकि, सरकार ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि प्रस्तावित संशोधन अल्पसंख्यकों के साथ किसी तरह का भेदभाव नहीं करते हैं।
सरकार ने विपक्षी दलों को विधेयक में ऐसा कोई प्रावधान बताने की चुनौती भी दी थी, जिससे भेदभाव होता हो।
समिति में भाजपा के 14 और कांग्रेस के पांच सदस्य शामिल हैं। इसके अलावा जनता दल (यूनाइटेड), तृणमूल कांग्रेस और द्रविड़ मुनेत्र कड़गम के दो-दो सदस्य हैं।
समाजवादी पार्टी, इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग, शिवसेना, राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एसपी), राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी और तेलुगु देशम पार्टी के एक-एक सदस्य समिति में शामिल हैं।
लोकसभा से समिति में शामिल भाजपा सदस्यों में भर्तृहरि महताब, तेजस्वी सूर्या, कमलेश जांगड़े, मुकेशकुमार चंद्रकांत दलाल, निशिकांत दुबे, विष्णु दयाल राम, अनंत नायक और अरविंद धर्मपुरी शामिल हैं।
कांग्रेस की ओर से एंटो एंटनी, कैप्टन विरियाटो फर्नांडिस, मुहम्मद हमदुल्ला सईद और काली चरण मुंडा समिति में शामिल हैं।
