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संवैधानिक संस्थाओं की अवमानना करना कांग्रेस की आदत, देश कानून के शासन से चलता है : भाजपा

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जम्मू, 24 सितंबर (आईएएनएस)। भाजपा विधायक रणबीर सिंह पठानिया और डॉ. सुनील भारद्वाज ने राहुल गांधी के चुनाव आयोग और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को लेकर दिए बयानों पर पलटवार किया। दोनों नेताओं ने राहुल गांधी पर संवैधानिक संस्थाओं पर सवाल उठाने और चुनावी प्रक्रिया को लेकर लोगों में भ्रम पैदा करने का आरोप लगाया।

रणबीर सिंह पठानिया ने कहा कि कांग्रेस और राहुल गांधी की संस्थाओं की अवमानना करने और जनता में भ्रम फैलाने की आदत बन गई है। उन्होंने एक रिपोर्ट का जिक्र करते हुए कहा कि शुरुआत में मामला बड़ा दिखाई दिया, लेकिन बाद में चुनाव आयोग की ओर से स्पष्टीकरण दिया गया। आयोग ने स्पष्ट किया कि फैसले तीनों चुनाव आयुक्तों को साथ लेकर किए गए हैं। यदि तीनों चुनाव आयुक्तों के बीच किसी मुद्दे पर मतभेद हैं तो वह लोकतांत्रिक प्रक्रिया का हिस्सा हो सकता है, लेकिन इसे बड़ा विवाद बनाकर पेश करना उचित नहीं है।

राहुल गांधी के चुनाव में धांधली और वोट चोरी के आरोपों पर पठानिया ने कहा कि कांग्रेस का जनाधार लगातार कम हुआ है और पार्टी को चुनावी हार स्वीकार नहीं हो रही है। इसी निराशा के कारण कांग्रेस इस तरह के बयान दे रही है। राहुल गांधी की ओर से ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग और उनके पास पर्याप्त सबूत होने के दावे पर पठानिया ने कहा कि भारत कानून के शासन के आधार पर चलता है। चुनाव आयोग, सुप्रीम कोर्ट, सीएजी, सीबीआई और ईडी जैसी संस्थाओं की बदनामी करना उचित नहीं है। यदि किसी के पास किसी संस्था या अधिकारी के खिलाफ सबूत हैं तो उन्हें उचित प्रक्रिया के तहत सामने रखना चाहिए।

डॉ. सुनील भारद्वाज ने राहुल गांधी के बयानों पर तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस को किसी पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाने से पहले अपने अतीत पर नजर डालनी चाहिए। उन्होंने बोफोर्स, 2जी और कॉमनवेल्थ जैसे मामलों का जिक्र करते हुए कांग्रेस पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाए।

उन्होंने कहा कि जिम्मेदार नेताओं को बयान देते समय तथ्यों और कानूनी प्रक्रिया का ध्यान रखना चाहिए। यदि राहुल गांधी के पास कोई सबूत हैं तो उन्हें कानूनी तरीके से संबंधित मंच पर रखना चाहिए। किसी व्यक्ति को केवल बयान के आधार पर दोषी नहीं माना जा सकता और कानून के अनुसार ही कार्रवाई होनी चाहिए।

यूएनएचआरसी में भारत की ओर से पाकिस्तान से पाकिस्तान अधिकृत जम्मू-कश्मीर खाली करने की मांग दोहराए जाने पर रणबीर सिंह पठानिया ने कहा कि पीओके भारत का अभिन्न हिस्सा है। उन्होंने महाराजा हरि सिंह के भारत के साथ विलय का जिक्र करते हुए कहा कि पाकिस्तान ने इस क्षेत्र पर गलत तरीके से नियंत्रण किया हुआ है। संसद का सर्वसम्मत प्रस्ताव भी इस क्षेत्र को भारत का हिस्सा मानता है। जम्मू-कश्मीर के लोगों की भावनाएं भी इस क्षेत्र से जुड़ी हुई हैं और भारत इसे वापस लेने के अपने दावे पर कायम है।

वहीं, डॉ. सुनील भारद्वाज ने कहा कि पीओजेके जम्मू-कश्मीर का हिस्सा है और भारत का अभिन्न अंग है। भारत भविष्य में भी इस क्षेत्र पर अपना दावा और प्रयास जारी रखेगा।