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निखिल अंगरिश ने बताया कैसे मिली फिल्म ‘पूजा मेरी जान’, बोले-ऑडिशन के लिए एक घंटा मिला था

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मुंबई, 5 अक्टूबर (आईएएनएस)। अभिनेता निखिल अंगरिश क्राइम और कोर्टरूम ड्रामा-थ्रिलर फिल्म ‘पूजा मेरी जान’ में नजर आ रहे हैं। फिल्म में अभिनेता ने मृणाल ठाकुर के साथ काम करने के अनुभव को शेयर करते हुए बताया कि ‘सुपर 30’ देखने के बाद से ही वह उनके फैन रहे हैं।

दरअसल, फिल्म में अभिनेता निखिल अंगरिश के साथ मृणाल ठाकुर (पूजा), हुमा कुरैशी (सना), विक्रम सिंह चौहान (अनिकेत) और विजय राज जैसे कलाकार नजर आ रहे हैं।

अभिनेता निखिल अंगरिश ने मृणाल की तारीफ करते हुए कहा, “शुरुआत में मैं बस फिल्म का हिस्सा बनकर खुश था, जिसमें इतने बेहतरीन कलाकार हैं। आप इस फिल्म में उनकी शानदार कला देखेंगे। मैं हमेशा से ‘सुपर 30’ से मृणाल के काम का फैन रहा हूं। उनसे मिलकर आप उनका पॉजिटिव आत्मविश्वास और एनर्जी महसूस कर सकते हैं। जब मैंने स्क्रीनिंग में फिल्म देखी, तो मैं हैरान रह गया कि मृणाल ने कितनी आसानी से इतनी सारी भावनाओं को पर्दे पर दिखाया है।”

निखिल अंगरिश ने बताया कि वह विजय राज की फिल्में देखकर ही बड़े हुए हैं और उनके साथ इस फिल्म में स्क्रीन शेयर करना अभिनेता के लिए सपने को सच होने जैसा था। उन्होंने कहा, “शूटिंग के दौरान मैंने एक स्टूडेंट की तरह विजय सर को बड़े ध्यान से देखा। आप देखेंगे कि वह एक साधारण से सीन में कमाल कर देते हैं। एक लाइन में गंभीरता होती है, तो अगली लाइन में आपको हंसी आएगी, जो थोड़ा अजीब भी लगेगा। मेरा मानना है कि यही बातें तो स्क्रिप्ट को और भी बेहतर बनाती है।”

अभिनेता ने बताया कि फिल्म उनको कैसे मिली थी। उन्होंने कहा, “‘पूजा मेरी जान’ का नाम पहले ‘डियर पूजा’ था। मुझे यह नाम बहुत दिलचस्प लगा। हुआ यूं कि मैं एक कास्टिंग स्टूडियो में किसी दूसरे प्रोजेक्ट के लिए ऑडिशन दे रहा था, तभी ‘कास्टिंग बे मुंबई’ की टीम इसी किरदार के लिए ऑडिशन ले रही थी। उन्होंने मुझसे पूछा कि क्या मैं मयंक जोशी के लिए ऑडिशन दूंगा, तो मैंने हां कर दिया लेकिन उन्होंने ऑडिशन देने के लिए मुझे एक घंटे का ही समय दिया था क्योंकि अगले ही दिन उन्हें कहीं जाना था।”

अभिनेता ने बताया, “एक घंटे बाद मैंने ऑडिशन दिया और कुछ दिन बाद मुझे इस रोल के लिए कॉल आया। मैं इसका हिस्सा बनकर बहुत खुश था। इसके बाद मुझे मेरी स्क्रिप्ट दी गई, जिसे पढ़ने के लिए मेरे पास काफी समय था। नवजोत भाई और विपाशा अरविंद के साथ रीडिंग सेशन भी हुए, जिन्होंने मुझे मयंक के बैकग्राउंड के बारे में बताया।”