हैदराबाद, 6 अक्टूबर (आईएएनएस)। तेलंगाना में अल नीनो के असर से सूखे की स्थिति गंभीर होती दिख रही है। राज्य के 33 जिलों के कुल 621 मंडलों में से 18 जिलों के 320 मंडलों में गंभीर सूखे के हालात के शुरुआती संकेत मिले हैं। मंगलवार को मुख्य सचिव संजय जाजू ने राज्य आपदा प्रबंधन विभाग की समीक्षा बैठक में अधिकारियों को सूखे की स्थिति पर विस्तृत रिपोर्ट तैयार करने के निर्देश दिए।
उन्होंने योजना, राजस्व, भूजल, कृषि, पंचायत राज और ग्रामीण जल आपूर्ति विभागों से पूरी जानकारी जुटाने को कहा। मुख्य सचिव ने कहा कि जून से सितंबर तक दक्षिण-पश्चिम मानसून के दौरान हुई बारिश समेत 12 मानकों के आधार पर सूखा प्रभावित मंडलों की पहचान की जाए। सरकारी नियमों और तय मानकों के अनुसार सूखा घोषित करने की प्रक्रिया शुरू कर अक्टूबर के अंत तक विस्तृत रिपोर्ट तैयार करने को कहा गया है।
उन्होंने अल नीनो के प्रभाव पर राज्य सरकार की प्रस्तावित सर्वदलीय बैठक के लिए भी सभी जरूरी आंकड़ों और जानकारियों के साथ रिपोर्ट तैयार करने के निर्देश दिए।
बैठक में वित्त विभाग के प्रमुख सचिव संदीप कुमार सुल्तानिया, आपदा प्रबंधन विभाग के प्रमुख सचिव राहुल बोझ्जा और अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
पिछले सप्ताह हुई राज्य मंत्रिमंडल की बैठक में अल नीनो के प्रभाव पर सर्वदलीय बैठक बुलाने और राजनीतिक दलों से सुझाव लेने का फैसला किया गया था। साथ ही एक कैबिनेट उपसमिति को हालात का आकलन कर विस्तृत रिपोर्ट देने की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
सरकार ने यह भी तय किया है कि मंत्रियों का एक प्रतिनिधिमंडल दिल्ली जाकर केंद्र सरकार को रिपोर्ट सौंपेगा। केंद्र से प्रभावित मंडलों को सूखाग्रस्त घोषित करने और राहत कार्यों के लिए वित्तीय सहायता देने का अनुरोध किया जाएगा।
30 सितंबर को समाप्त हुए दक्षिण-पश्चिम मानसून के दौरान तेलंगाना में सामान्य से 17 प्रतिशत कम बारिश दर्ज की गई। इससे पहले अधिकारियों ने लगभग 235 मंडलों में सूखे जैसी स्थिति होने की बात कही थी।
