नई दिल्ली, 20 अक्टूबर (आईएएनएस)। कांग्रेस नेता जय प्रकाश सिंह ने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ और केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला। इसके अलावा, उन्होंने सरकार को घेरते हुए सवाल उठाया कि छात्रों पर पैलेट गन, आंसू गैस, वॉटर कैनन और लाठीचार्ज के इस्तेमाल पर मोहन भागवत क्यों चुप हैं और राहुल गांधी को सदन में बोलने क्यों नहीं दिया जाता?
उन्होंने कहा, “मोहन भागवत क्या कहते हैं, यह सारा देश जानता है कि आज के समय में इस देश में आरएसएस की क्या भूमिका है। सरकार को पूरी तरह आरएसएस के लोग चला रहे हैं। जनता ने जनादेश भाजपा को दिया है, लेकिन सरकार का संचालन आरएसएस कर रहा है। आज उसी की वजह से आप यह देखिए कि लोकतंत्र में मोहन भागवत एक संस्था चला रहे हैं, लेकिन देश को चला कौन रहा है?”
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री ने जो वादे जनता से किए थे, उस पर मोहन भागवत क्यों नहीं बोलते? लोकतंत्र में छात्रों के साथ कैसा व्यवहार किया गया। क्या यही आरएसएस और भाजपा का आदर्श है? क्या इस देश में आरएसएस और भाजपा का यही आचरण रहेगा कि नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी को सदन में बोलने नहीं दिया जाए?
कांग्रेस सांसद ने कहा कि जब छात्र-छात्राओं पर पैलेट गन का इस्तेमाल किया गया हो, आंसू गैस के गोले छोड़े गए हों, वाटर कैनन का उपयोग किया गया हो, लाठीचार्ज किया गया हो और हमारी छोटी-छोटी छात्राओं को जिस तरीके से अपमानित करने का काम किया गया हो, वह मैं कैमरे पर नहीं कह सकता। हमारे यहां लोहे की सलाखें तक इस्तेमाल की गईं, उनके शरीर पर प्रहार किए गए। क्या यही लोकतंत्र है? यही भाजपा का शासन है?
उन्होंने कहा कि जब नेता प्रतिपक्ष की जिम्मेदारी है, विपक्ष की जिम्मेदारी है कि यदि सरकार निरंकुश और तानाशाह हो जाए, सरकार अहंकार में डूब जाए, तो लोकतांत्रिक व्यवस्था का हिस्सा होने के नाते प्रदर्शन करना, सरकार को चेताना और संसद के अंदर अपनी बात रखना, उनका अधिकार है। संसद को आपने पंगु बना दिया है। विपक्ष को चाहिए कि सत्तापक्ष सदन चलाए। उल्टा ये लोग जनता को भ्रमित करते हैं कि विपक्ष सदन नहीं चलने देता। अरे भाई, चलने तो आप नहीं देते।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री और गृह मंत्री पूरे सत्र सदन में नहीं बैठे। यह कहा गया कि 75 साल में पहली बार प्रधानमंत्री को सदन के अंदर सांसदों से खतरा है। तो, फिर देश में क्या होगा? आज देश की हालत क्या है? समाधान निकालिए। राहुल गांधी तो कह रहे हैं कि देश में वोट चोरी हुई है और हम लोग उसके भुक्तभोगी हैं। हरियाणा में वोट चोरी से सरकार बनी है। सारा देश जानता है, सारा मीडिया और सभी चैनल कह रहे थे कि हरियाणा में कांग्रेस की सरकार बनेगी। लेकिन, हमारे वर्तमान मुख्यमंत्री ने एक दिन पहले ही कह दिया था कि सारे इंतजाम कर लिए गए हैं और सरकार हमारी बनेगी।
कांग्रेस सांसद ने कहा कि पहले तो मुख्यमंत्री जनता को यह बताएं कि कौन से इंतजाम किए गए थे? क्या यही इंतजाम थे? जब राहुल गांधी ने एक साल पहले कहा था कि उस बूथ पर इस तरह वोट पड़े हैं, एक-एक बूथ पर पांच-पांच सौ वोट बढ़ाए गए हैं, वोटर लिस्ट के अंदर गड़बड़ियां हैं, विदेशी महिला के वोट अलग-अलग जगह बनाए गए हैं, तब इन्होंने क्या कहा था? मुझे याद है, उस समय कहा गया था कि राहुल गांधी को शपथ पत्र देना पड़ेगा। वो तो आज भी शपथ पत्र देने के लिए तैयार हैं। क्या आज तक चुनाव आयोग ने हरियाणा विधानसभा चुनाव का पूरा रिकॉर्ड दिया?
कांग्रेस सांसद ने कहा कि आज तक भाजपा की सरकार ने किसी मुद्दे का समाधान नहीं किया। नीट पेपर का मामला ही देख लीजिए। नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (एनटीए) का जो मामला था, उसे उठाकर देख लीजिए। जिनके कार्यकाल में लगातार पेपर लीक हुए, उसी व्यक्ति को आज तक दंडित नहीं किया गया। एनटीए में कोई बड़ा बदलाव नहीं हुआ, केवल एक मंत्री का इस्तीफा हुआ।
