नई दिल्ली, 21 अक्टूबर (आईएएनएस)। दिल्ली-एनसीआर के लोगों को इन दिनों मौसम और बढ़ते प्रदूषण की दोहरी मार झेलनी पड़ रही है। मौसम विभाग के ताजा पूर्वानुमान के अनुसार, दिन के समय तेज धूप पड़ रही है, जिससे गर्मी का एहसास होता है, वहीं रात के वक्त पारा तेजी से गिर रहा है। दूसरी ओर, वायु गुणवत्ता सूचकांक भी लाल निशान के पार पहुंच चुका है।
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग के अनुसार, आने वाले दिनों में तापमान में उतार-चढ़ाव जारी रहेगा। 22 अक्टूबर को अधिकतम तापमान 32 डिग्री और न्यूनतम तापमान 19 डिग्री सेल्सियस दर्ज किए जाने का अनुमान है, जबकि आर्द्रता 90 से 60 प्रतिशत के बीच रहेगी। आसमान मुख्य रूप से साफ रहेगा।
23 अक्टूबर को तापमान 33 डिग्री तक पहुंच सकता है, जबकि न्यूनतम पारा 19 डिग्री रहेगा। 24 अक्टूबर तक आसमान में आंशिक रूप से बादल छाए रहेंगे। मौसम विभाग के मुताबिक, 25 अक्टूबर से न्यूनतम तापमान में मामूली गिरावट दर्ज की जा सकती है और यह 18 डिग्री सेल्सियस तक नीचे पहुंच सकता है। इस दौरान अधिकतम तापमान 32 डिग्री के आसपास ही बना रहेगा। रात के समय तापमान गिरने से लोगों को हल्की ठंड का एहसास होने लगेगा। मौसम में बदलाव के साथ ही एनसीआर की हवा भी जहरीली होती जा रही है।
सेंट्रल पॉल्यूशन कंट्रोल बोर्ड के आंकड़ों के अनुसार, दिल्ली के कई इलाकों में हवा की गुणवत्ता ‘खराब’ से ‘बहुत खराब’ श्रेणी में पहुंच गई है। दिल्ली के पंजाबी बाग में एक्यूआई 304 (लाल श्रेणी) दर्ज किया गया है। इसी तरह पूसा स्थित आईआईटीएम में एक्यूआई 318 तक पहुंच गया है, जो कि बेहद चिंताजनक है।
दिल्ली के अन्य प्रमुख इलाकों की बात करें तो आर.के. पुरम में एक्यूआई 300, पटपड़गंज में 278, रोहिणी में 276, पूसा में 275, ओखला फेज-2 में 272, एनएसयूटी जाफरपुर में 264 और शादीपुर में एक्यूआई 241 दर्ज किया गया है। ये सभी आंकड़े मध्यम से खराब श्रेणी में आते हैं, लेकिन लगातार बढ़ते स्तर से चिंता बढ़ रही है।
वहीं, गाजियाबाद की स्थिति भी कुछ खास अच्छी नहीं है। वेव सिटी में एक्यूआई 273, इंदिरापुरम में 258, संजय नगर में 255, लोनी में 250, वेद विहार-लोनी में 213 दर्ज किया गया है। ग्रेटर नोएडा की बात करें तो नॉलेज पार्क-5 में एक्यूआई 315 (लाल श्रेणी) तक पहुंच गया है, जबकि नॉलेज पार्क-3 में यह 181 है।
प्रदूषण के बढ़ते स्तर को देखते हुए स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी है। उन्होंने कहा है कि सुबह और शाम के समय प्रदूषण का स्तर अधिक होता है, इसलिए बाहर निकलते समय मास्क का इस्तेमाल जरूर करें और बच्चों व बुजुर्गों को घरों में ही रहने की सलाह दें।
