SGSU Advertisement
Home राष्ट्रीय त्योहारी सीजन में रेलवे की तैयारियों का अश्विनी वैष्णव ने लिया जायजा,...

त्योहारी सीजन में रेलवे की तैयारियों का अश्विनी वैष्णव ने लिया जायजा, 18 हजार से अधिक विशेष ट्रेनें चलाई जा रहीं

0
3

नई दिल्ली, 7 नवंबर (आईएएनएस)। रेल, इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी और सूचना एवं प्रसारण मंत्री अश्विनी वैष्णव ने शनिवार को नई दिल्ली स्थित रेल भवन में वॉर रूम की कार्यप्रणाली और त्योहारी सीजन के मद्देनजर रेलवे की तैयारियों की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने यात्रियों की सुरक्षा, भीड़ प्रबंधन और रेल परिचालन को बेहतर बनाने में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई), लाइव सीसीटीवी फुटेज और रियल टाइम डेटा की भूमिका पर जोर दिया।

समीक्षा के दौरान वॉर रूम को रेलवे स्टेशनों की निगरानी और विभिन्न विभागों के बीच समन्वय के लिए एक केंद्रीकृत व्यवस्था के रूप में पेश किया गया। यहां लाइव कैमरा फुटेज, एआई आधारित सिस्टम और परिचालन से जुड़े रियल टाइम डेटा के जरिए रेलवे अधिकारी विभिन्न स्टेशनों की स्थिति पर नजर रख सकते हैं और जरूरत के मुताबिक तत्काल निर्णय ले सकते हैं।

वॉर रूम के जरिए रेलवे स्टेशनों के प्लेटफॉर्म, फुट ओवरब्रिज और स्टेशन परिसर के आसपास के क्षेत्रों की लाइव निगरानी की जाती है। इस केंद्रीकृत व्यवस्था से अधिकारी एक साथ कई स्थानों की स्थिति देख सकते हैं। जरूरत पड़ने पर किसी विशेष स्थान के सीसीटीवी कैमरे की फुटेज को जूम करके भी देखा जा सकता है, जिससे स्थिति का बारीकी से आकलन करने में मदद मिलती है।

अश्विनी वैष्णव ने बताया कि भारतीय रेलवे ने इस साल त्योहारी सीजन में भीड़ प्रबंधन और यात्रियों की सुविधा के लिए व्यापक इंतजाम किए हैं। इस दौरान 18 हजार से अधिक अतिरिक्त विशेष ट्रेनें चलाई जा रही हैं, जबकि पिछले साल यह संख्या करीब 12 हजार थी। उन्होंने बताया कि करीब 20 रेलवे स्टेशनों पर यात्रियों के लिए विशेष होल्डिंग एरिया बनाए गए हैं। इसके अलावा अलग से टिकट काउंटर, यात्रियों की सुचारू आवाजाही के लिए कई स्कैनिंग सुविधाएं और निगरानी के लिए करीब 700 एआई आधारित कैमरे लगाए गए हैं।

रेल मंत्री ने कहा कि त्योहारी भीड़ को देखते हुए तैयारियां करीब छह महीने पहले ही शुरू कर दी गई थीं। खासतौर पर छठ पर्व से पहले यात्रियों की संख्या में होने वाली संभावित बढ़ोतरी को ध्यान में रखकर विशेष इंतजाम किए गए हैं।

वॉर रूम में एआई आधारित तकनीक के जरिए किसी विशेष स्थान पर होने वाली गतिविधियों और घटनाओं का विश्लेषण किया जा सकता है। इसके लिए अधिकारी जरूरत के मुताबिक निर्देश देकर संबंधित स्थान की स्थिति का आकलन कर सकते हैं। इससे किसी भी संभावित समस्या की पहचान कर समय रहते कार्रवाई करने में मदद मिलती है।

इसके साथ ही वॉर रूम से ट्रेनों की आवाजाही और उनके विलंब की भी रियल टाइम निगरानी की जा रही है। अधिकारी ट्रेनों की देरी की वजहों का पता लगाकर जरूरी सुधारात्मक कदम उठा सकते हैं, जिससे समयबद्ध परिचालन और यात्रियों को बेहतर सेवाएं उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी। रेलवे के मुताबिक, लाइव निगरानी, एआई आधारित तकनीक और परिचालन डेटा के एकीकृत इस्तेमाल से त्योहारों और अधिक भीड़ वाले समय में यात्रियों की सुरक्षा, भीड़ प्रबंधन और रेल सेवाओं की दक्षता बढ़ाने पर जोर दिया जा रहा है।