मुजफ्फरपुर, 9 अप्रैल (आईएएनएस)। भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए बिहार संस्कृत शिक्षा बोर्ड के अध्यक्ष मृत्युंजय झा ने समाचार एजेंसी आईएएनएस से बातचीत करते हुए कहा कि बंगाल में सीएम ममता बनर्जी ने जो हालात पैदा किए हैं, उससे माहौल दूषित हो गया है।
मृत्युंजय झा ने कहा कि तरह-तरह के दंगे और घटनाएं लगातार होती रहती हैं। विकास के नाम पर कुछ भी नहीं है। निश्चित रूप से हमारे राष्ट्रीय अध्यक्ष ने जो कहा है, उससे बंगाल की जनता को यह संदेश मिलता है कि उन्हें इस दबाव से राहत मिलेगी। उन्होंने कहा कि ममता बनर्जी ने अध्ययन नहीं किया है कि भारतीय जनसंघ की स्थापना के पीछे श्यामा प्रसाद मुखर्जी का कमिटमेंट है।
उन्होंने कहा कि जब बंगाल में 10 लाख हिंदुओं पर अत्याचार किया गया था तो उस समय दुखी होकर श्यामा प्रसाद मुखर्जी ने जनसंघ की स्थापना की थी। ममता बनर्जी की वजह से बंगाल की जो स्थिति है, अब बंगाल के लोगों को उससे मुक्ति मिलने वाली है। बंगाल में अमन और चैन होगा।
मृत्युंजय झा ने कहा कि बिहार जैसे राज्य में किस प्रकार का जंगलराज था, उसकी समाप्ति हो गई है। पीएम नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में बिहार आगे बढ़ गया है। इसी तरह पीएम मोदी के नेतृत्व में बंगाल को भी आगे बढ़ाने का काम किया जाएगा। अब भाजपा की सरकार में आने वाले वक्त में बंगाल के लोग चैन की सांस ले पाएंगे।
बता दें कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को बंगाल के बीरभूम में जनसभा को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने प्रदेश की तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने जनसभा को संबोधित करते हुए बीरभूम की धरती को ऐतिहासिक, क्रांतिकारी और प्रेरणा से भरी बताया।
पीएम मोदी ने कहा कि गुरुदेव रविंद्रनाथ टैगोर ऐसा समाज देखना चाहते थे, जहां हर कोई भय से मुक्त हो। टीएमसी के महाजंगलराज ने इसके बिल्कुल उल्टा कर दिया। ये मां, माटी और मानुष की बात करते थे, लेकिन मां आज रो रही है। माटी पर घुसपैठियों का कब्जा हो रहा है और मानुष भयभीत, डरा-सहमा हुआ है। टीएमसी के महाजंगलराज का साक्षी बीरभूम है।

