नोएडा, 18 फरवरी (आईएएनएस)। शहर में 19 से 22 फरवरी तक भव्य फ्लावर शो का आयोजन किया जा रहा है। सेक्टर-33ए स्थित शिल्पहाट के निकट शिवालिक पार्क में होने वाले इस चार दिवसीय आयोजन की तैयारियां पूरी कर ली गई हैं।
अपर मुख्य कार्यपालक अधिकारी वंदना त्रिपाठी ने बताया कि शो का औपचारिक उद्घाटन 19 फरवरी को किया जाएगा। इस वर्ष फ्लावर शो की थीम धार्मिक और सांस्कृतिक झलक के साथ तैयार की गई है। शो का मुख्य आकर्षण फूलों से निर्मित केदारनाथ मंदिर की भव्य प्रतिकृति होगी, जिसकी लंबाई लगभग 30 फीट और ऊंचाई करीब 40 फीट रखी गई है। मंदिर के सामने फूलों से त्रिशूल, डमरू और नंदी की आकृतियां स्थापित की गई हैं, जिनकी लंबाई लगभग 8 फीट और ऊंचाई 3 फीट है।
शो का मुख्य द्वार भी केदारनाथ थीम पर तैयार किया गया है, जिसकी लंबाई 22 फीट और ऊंचाई करीब 25 फीट है। इसके अलावा, करेले से छह फीट ऊंचे हाथी की अनोखी आकृति तैयार की गई है, जो दर्शकों के आकर्षण का केंद्र बनेगी। मुख्य पाथवे पर सात फीट ऊंचे बास्केट सौंदर्यीकरण के साथ ‘टॉप बास्केट फ्लो’ और ‘बास्केट फॉर पॉट्स फ्लॉवर’ तैयार किए गए हैं। प्रवेश पाथवे द्वार और प्रवेश गार्डन द्वार 10 फीट लंबाई और 12 फीट ऊंचाई में बनाए गए हैं। साथ ही ढोलक शेप, मटका फ्लो, बुद्धा लोटस और अन्य कई फ्लोरल रेप्लिका एवं मूर्तियां भी प्रदर्शित की जाएंगी।
इस आयोजन में उत्तर रेलवे, नई दिल्ली म्यूनिसिपल कॉर्पोरेशन, दक्षिणी दिल्ली म्यूनिसिपल कॉर्पोरेशन, भारतीय थल सेना, कोटा हाउस, भारत पेट्रोलियम, एलजी, एडोब सिस्टम, एनआईआईटी, दिल्ली पब्लिक स्कूल, यमुना एक्सप्रेस-वे प्राधिकरण और ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण सहित कई संस्थान अपनी प्रदर्शनी लगाएंगे। कार्यक्रमों की बात करें तो 19 फरवरी को गौतमबुद्धनगर के सांसद डॉ. महेश शर्मा और नोएडा के विधायक पंकज सिंह उद्घाटन करेंगे।
आईटीबीपी बैंड टीम अपनी प्रस्तुति देगी। 20 फरवरी को विशेष बैंड प्रस्तुति होगी। 21 फरवरी को विभिन्न संस्थाओं द्वारा तैयार गार्डन का जजों द्वारा मूल्यांकन कर उन्हें पुरस्कृत किया जाएगा। 22 फरवरी को स्कूली बच्चों के लिए चित्रकला प्रतियोगिता आयोजित की जाएगी। समापन समारोह में कवि सम्मेलन का आयोजन होगा, जिसमें डॉ. विष्णु सक्सेना, डॉ. अर्जुन शिशौदिया, अनिल अगवंशी, शंभू शिखर, कल्पना शुक्ला और विनोद पाण्डेय अपनी प्रस्तुति देंगे।
फ्लावर शो में 90 से अधिक स्टॉल लगाए गए हैं, जिनमें 38 नर्सरी शामिल हैं। कुछ नर्सरी कलिम्पोंग और भीमताल से भी आ रही हैं। यहां बीज, खाद, पौधे, सजावटी सामान, खेती के औजार और गमले आदि उपलब्ध रहेंगे।

