पीएनजी कनेक्शन में तेजी, 3.42 लाख नए कनेक्शन गैसीफाइड

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नई दिल्ली, 3 अप्रैल (आईएएनएस)। पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय के अनुसार, पाइप्ड नेचुरल गैस (पीएनजी) के विस्तार में तेजी आई है। मार्च 2026 से अब तक 3.42 लाख नए पीएनजी कनेक्शन गैसीफाइड किए जा चुके हैं, जबकि 3.7 लाख नए रजिस्ट्रेशन भी दर्ज किए गए हैं।

मंत्रालय ने राज्यों को घरेलू और व्यावसायिक उपभोक्ताओं के लिए नए पीएनजी कनेक्शन उपलब्ध कराने में सहयोग करने के निर्देश दिए हैं।

सरकार ने स्पष्ट किया है कि पेट्रोल, डीजल और एलपीजी की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित की जा रही है। नागरिकों से अपील की गई है कि वे घबराहट में ईंधन की खरीद या एलपीजी की अनावश्यक बुकिंग न करें। एलपीजी सिलेंडर बुक करने के लिए डिजिटल माध्यमों का उपयोग करने और बिना जरूरत गैस एजेंसी पर न जाने की सलाह दी गई है।

मंत्रालय ने घरों से पीएनजी, इंडक्शन और इलेक्ट्रिक कुकटॉप जैसे वैकल्पिक ईंधनों के उपयोग को बढ़ावा देने की अपील की है। साथ ही वर्तमान परिस्थितियों में ऊर्जा की बचत पर भी जोर दिया गया है।

सरकार ने लोगों को अफवाहों से सावधान रहने और केवल आधिकारिक स्रोतों पर ही भरोसा करने की सलाह दी है।

ईरान युद्ध के कारण आपूर्ति में आई चुनौतियों के बीच सरकार ने घरेलू एलपीजी और पीएनजी को सर्वोच्च प्राथमिकता दी है, जबकि अस्पतालों और शैक्षणिक संस्थानों को भी उच्च प्राथमिकता दी जा रही है।

आपूर्ति और मांग दोनों पक्षों पर कई कदम उठाए गए हैं, जिनमें रिफाइनरी उत्पादन बढ़ाना, शहरी क्षेत्रों में एलपीजी बुकिंग अंतराल 21 से बढ़ाकर 25 दिन और ग्रामीण क्षेत्रों में 45 दिन तक करना शामिल है।

एलपीजी की मांग को कम करने के लिए केरोसिन और कोयला जैसे वैकल्पिक ईंधन भी उपलब्ध कराए गए हैं। कोयला मंत्रालय ने कोल इंडिया और सिंगरेनी कोलियरिज को राज्यों को अधिक कोयला आवंटित करने के निर्देश दिए हैं।

सरकार ने राज्यों को स्थानीय जरूरत के अनुसार 5 किलोग्राम एलपीजी सिलेंडरों के लक्षित वितरण पर भी विचार करने को कहा है। 23 मार्च से अब तक 5 लाख से अधिक छोटे सिलेंडर बेचे जा चुके हैं, जिनमें से 67,000 से अधिक गुरुवार को ही बिके।

पेट्रोलियम सचिव ने सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक कर ईंधन आपूर्ति की समीक्षा की और आवश्यक सेवाओं के लिए एलपीजी वितरण को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए। साथ ही जमाखोरी, डायवर्जन और गलत जानकारी पर कड़ी निगरानी रखने को कहा गया है।

प्रवासी श्रमिकों को एलपीजी आपूर्ति में किसी तरह की बाधा की खबरों को खारिज करते हुए राज्यों ने कहा कि आपूर्ति पूरी तरह सामान्य और स्थिर है।