नई दिल्ली, 10 अप्रैल (आईएएनएस)। देश में एलपीजी की आपूर्ति सामान्य बनी हुई है और किसी भी वितरक से गैस खत्म होने की कोई रिपोर्ट नहीं मिली है। यह जानकारी सरकार की ओर से शुक्रवार को दी गई।
सरकार ने कहा कि देश में 4.05 लाख पीएनजी कनेक्शन को शुरू किया जा चुका है और 4.41 लाख अतिरिक्त ग्राहक पीएनजी के नए कनेक्शन के लिए आवेदन दे चुके हैं।
सरकार ने नागरिकों को सलाह देते हुए कहा कि वे पेट्रोल, डीजल और एलपीजी की जल्दबाजी में खरीदारी करने से बचें और जानकारी के लिए केवल आधिकारिक स्रोतों पर ही भरोसा करें। एलपीजी उपभोक्ताओं से अनुरोध है कि वे डिजिटल बुकिंग प्लेटफॉर्म का उपयोग करें और वितरकों के पास जाने से बचें।
कुल बुकिंग में ऑनलाइन एलपीजी की हिस्सेदारी बढ़कर 98 प्रतिशत हो गई है। वितरक आधार पर गड़बड़ी रोकने के लिए डिलीवरी ऑथेंटिकेशन कोड (डीएसी) आधारित डिलीवरी बढ़कर 92 प्रतिशत हो गई है।
मौजूदा भू-राजनीतिक स्थिति के बावजूद, सरकार ने घरेलू एलपीजी और पीएनजी आपूर्ति को प्राथमिकता दी है, विशेष रूप से अस्पतालों और शैक्षणिक संस्थानों के लिए।
एलपीजी की जमाखोरी और कालाबाजारी पर अंकुश लगाने के लिए देशभर में प्रवर्तन अभियान जारी हैं। गुरुवार को देशभर में 3,800 से अधिक छापे मारे गए और लगभग 450 सिलेंडर जब्त किए गए।
अब तक लगभग 1.2 लाख छापे मारे जा चुके हैं, 57,000 से अधिक सिलेंडर जब्त किए गए हैं, 950 से अधिक एफआईआर दर्ज की गई हैं और 229 लोगों को गिरफ्तार किया गया है।
सार्वजनिक क्षेत्र की तेल विपणन कंपनियों ने औचक निरीक्षण बढ़ा दिए हैं और 2,100 से अधिक कारण बताओ नोटिस जारी किए हैं, 204 एलपीजी वितरकों पर जुर्माना लगाया है और 53 वितरकों को निलंबित किया है।
बयान में आगे कहा गया कि सभी रिफाइनरियां पूरी क्षमता से काम कर रही हैं और कच्चे तेल का पर्याप्त भंडार मौजूद है। देश में पेट्रोल और डीजल का भी पर्याप्त स्टॉक बना हुआ है। घरेलू खपत को पूरा करने के लिए रिफाइनरियों से एलपीजी का उत्पादन बढ़ा दिया गया है।

