तिरुवनंतपुरम, 1 अप्रैल (आईएएनएस)। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने बुधवार को केरल में वाम लोकतांत्रिक मोर्चा (एलडीएफ) और संयुक्त लोकतांत्रिक मोर्चा (यूडीएफ) दोनों पर भ्रष्टाचार और तुष्टीकरण की राजनीति का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि भगवान के अपने देश में भगवान भी सुरक्षित नहीं हैं।”
उन्होंने यह बातें परवूर में एनडीए उम्मीदवार वत्सला प्रसन्ना कुमारी के लिए प्रचार के दौरान कहीं।
रक्षा मंत्री ने बाइबिल का एक उदाहरण देते हुए कहा कि जूडस ने चांदी के सिक्कों के लिए यीशु के साथ विश्वासघात किया था, और आरोप लगाया कि एलडीएफ ने ‘सोने के लिए भगवान अयप्पा के साथ विश्वासघात किया है।’
उन्होंने आगे दावा किया कि कथित सोने की चोरी के लिए जिम्मेदार लोगों को बचाया जा रहा है, और कहा कि एक तस्वीर सामने आई है जिसमें एक वरिष्ठ कांग्रेस नेता आरोपी के साथ दिखाई दे रहे हैं।
रक्षा मंत्री ने कहा कि सबरीमाला में कथित सोने की चोरी की जांच सीबीआई द्वारा की जाएगी और सार्वजनिक धन लूटने के आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की।
दोनों मोर्चों पर निशाना साधते हुए राजनाथ सिंह ने आरोप लगाया कि राजनीतिक प्रतिद्वंद्विता के बावजूद, भ्रष्टाचार के मामले में एलडीएफ और यूडीएफ ‘एक ही सिक्के के दो पहलू’ हैं।
उन्होंने तीखे व्यंग्य में कहा, “उनके झंडे भले ही अलग हों, लेकिन उनकी सोच एक जैसी है। वे भ्रष्टाचार में लिप्त दोस्त हैं।” उन्होंने दोनों गठबंधनों पर चरमपंथी संगठनों से संबंध बनाए रखने का भी आरोप लगाया और सवाल उठाया कि एसडीपीआई और जमात-ए-इस्लामी जैसे समूहों से केरल की रक्षा कौन करेगा।
रक्षा मंत्री ने कहा, “राज्य की रक्षा केवल भाजपा ही कर सकती है।”
उन्होंने मलयालम फिल्म “पोनमैन” का जिक्र करते हुए कुछ नेताओं के बीच “सोने के प्रति जुनून” की आलोचना की और आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री के करीबी लोग ही इसके असली लाभार्थी थे।
मुनंबम भूमि मुद्दे पर उन्होंने एलडीएफ और यूडीएफ दोनों पर तुष्टीकरण की राजनीति में लिप्त होने और बेदखली के खतरे का सामना कर रहे परिवारों के साथ खड़े होने में विफल रहने का आरोप लगाया।
उन्होंने आगे आरोप लगाया कि कांग्रेस चुनाव के दौरान राजनीतिक लाभ के लिए ऐसे संगठनों से समर्थन मांगती है। मतदाताओं से चुनाव को भ्रष्टाचार और तुष्टीकरण के खिलाफ लड़ाई के रूप में देखने का आग्रह करते हुए ने कहा कि भाजपा एक विश्वसनीय विकल्प प्रस्तुत करती है।
परवूर में, यूडीएफ के उम्मीदवार और विपक्ष के नेता वीडी सतीशन व एलडीएफ के सीपीआई के विधायक ईटी टायसन मास्टर के बीच मुकाबला है, जिससे एक रोमांचक चुनावी लड़ाई का मंच तैयार हो गया है।


