कोलकाता, 6 मार्च (आईएएनएस)। तृणमूल कांग्रेस के नेशनल जनरल सेक्रेटरी अभिषेक बनर्जी ने शुक्रवार को लोगों से आगामी पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनावों में भाजपा का बॉयकॉट करने की अपील की। उन्होंने आरोप लगाया कि पार्टी वोटर लिस्ट के स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (एसआईआर) के जरिए वोटर्स को टारगेट कर रही है।
बनर्जी ने यह बात सेंट्रल कोलकाता के एस्प्लेनेड में पार्टी वर्कर्स को संबोधित करते हुए कही। यह धरना एसआईआर के बाद फाइनल इलेक्टोरल रोल में करीब 60 लाख लोगों को अंडर एडजुडिकेशन कैटेगरी में रखे जाने के विरोध में था।
प्रदर्शन के दौरान उन्होंने चुनाव आयोग से यह बताने की अपील की कि एसआईआर के दौरान पश्चिम बंगाल में कितने बांग्लादेशी और रोहिंग्या की पहचान हुई। उन्होंने कहा कि उन्होंने चीफ इलेक्शन कमिश्नर ज्ञानेश कुमार और चीफ इलेक्टोरल ऑफिसर मनोज अग्रवाल को एक लेटर लिखकर सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के अनुसार फाइनल और सप्लीमेंट्री इलेक्टोरल रोल पब्लिश करने की मांग की है।
बनर्जी ने कहा कि 2021 में कुछ संगठनों ने कहा था भाजपा को वोट नहीं। बिना प्लान के एसआईआर की वजह से हमने 172 साथी नागरिकों को खो दिया है। उन्होंने मिट्टी के लिए अपनी जान दे दी। हम उनकी कुर्बानी बेकार नहीं जाने देंगे। हम इस मंच से बंगाल के 10 करोड़ लोगों के गवाह के तौर पर कह रहे हैं कि इस बार भाजपा का बॉयकॉट करना चाहिए।
अपने भाषण की शुरुआत में, बनर्जी ने एसआईआर को लेकर चुनाव आयोग की आलोचना की। उन्होंने कहा कि पिछले साल पब्लिश हुई ड्राफ्ट लिस्ट से करीब 58 लाख नाम हटा दिए गए थे। 28 फरवरी के बाद, यह संख्या करीब 63.54 लाख पाई गई। करीब 60 लाख लोग अंडर एडजुडिकेशन कैटेगरी में हैं। कुल मिलाकर, करीब 1.20 करोड़ लोग प्रभावित हुए हैं।
उन्होंने आरोप लगाया कि एसआईआर शुरू होने से पहले ही भाजपा नेता पब्लिक में ऐसे आंकड़े बता रहे थे। यह कोई इत्तेफाक नहीं हो सकता। जब तक इन 60 लाख लोगों को उनके अधिकार नहीं मिलते, वे वंचित रहेंगे। तब तक, ममता बनर्जी की लीडरशिप वाली तृणमूल कांग्रेस सड़कों पर प्रोटेस्ट करती रहेगी।
बनर्जी ने कहा कि जिन लोगों को बाहर रखा गया है उनकी लिस्ट कौन देगा? कितने बांग्लादेशी और रोहिंग्या की पहचान हुई है? जब आप (ज्ञानेश कुमार) 8 से 10 मार्च तक राज्य का दौरा करेंगे, तो प्लीज लिस्ट लेकर आएं।

