काबुल, 29 मार्च (आईएएनएस)। अफगानिस्तान के समंगन प्रांत में रविवार को गैस के कारण दम घुटने से दो खदान मजदूरों की मौत हो गई।
समाचार एजेंसी खामा प्रेस के अनुसार, समंगन में स्थानीय तालिबान अधिकारियों ने बताया कि दारा-ए-सूफ बाला जिले की एक कोयला खदान के अंदर गैस के कारण दो मजदूरों की मौत हो गई।
शनिवार को जारी एक बयान में समंगन में तालिबान की पुलिस कमान ने कहा कि दोनों मजदूरों की मौत गैस के संपर्क में आने से हुई। कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद शवों को अंतिम संस्कार के लिए उनके परिवारों को सौंप दिया गया। मृतक बामियान और दायकुंडी प्रांतों के निवासी थे।
यह घटना अफगानिस्तान के खनन क्षेत्र की खतरनाक परिस्थितियों को दर्शाती है, जहां कई मजदूर खराब वेंटिलेशन और न्यूनतम नियमों के तहत भूमिगत काम करने को मजबूर हैं।
दारा-ए-सूफ की कोयला खदानें अफगानिस्तान के सबसे सक्रिय खनन स्थलों में से हैं। यहां लंबे समय से सुरंग ढहने, गैस और आपातकालीन बचाव उपकरणों की कमी के कारण जानलेवा दुर्घटनाएं होती रही हैं।
खनन दुर्घटनाएं यह दिखाती हैं कि अफगानिस्तान में कार्यस्थल सुरक्षा मानकों में कितनी कमजोरी है, जहां आर्थिक कठिनाइयों के कारण अधिक लोग बिना सुरक्षा और निगरानी के खतरनाक काम करने को मजबूर हैं।
स्थानीय पुलिस अधिकारियों के अनुसार, पिछले महीने, नंगरहार प्रांत में एक खदान धंसने से एक व्यक्ति की मौत हो गई और एक अन्य घायल हो गया।
एक बयान में प्रांतीय पुलिस मुख्यालय ने कहा कि यह घटना स्पिन घर जिले के मामंद तोर नाओ क्षेत्र में एक नीलम (सैफायर) खदान में हुई। मलबे और चट्टानों के नीचे दबने से एक व्यक्ति की मौत हो गई, जबकि दूसरा घायल हो गया। सुरक्षा बलों ने घायल व्यक्ति को इलाज के लिए पास के स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया।
9 जनवरी को बदख्शान के खाश जिले में एक कीमती और अर्ध-कीमती पत्थरों की खदान में कार्बन मोनोऑक्साइड विषाक्तता से कम से कम चार खनिकों की मौत हो गई थी।




