चेन्नई, 17 मार्च (आईएएनएस)। फिल्म स्टार से नेता बने विजय ने तमिलनाडु की राजनीति में बड़ा दांव खेलते हुए साफ कर दिया है कि उनकी पार्टी तमिलगा वेत्त्री कज़गम (टीवीके) आगामी विधानसभा चुनाव अकेले ही लड़ेगी। उन्होंने भाजपा के नेतृत्व वाले राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) के साथ किसी भी तरह के गठबंधन की अटकलों को पूरी तरह खारिज कर दिया है। विजय के इस फैसले से राज्य की राजनीति में हलचल तेज हो गई है।
पत्तिनपक्कम में पार्टी नेताओं की बैठक के दौरान विजय ने काफी आत्मविश्वास के साथ कहा कि उनकी पार्टी किसी भी अन्य दल के साथ गठबंधन की बात नहीं कर रही है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से साफ शब्दों में कहा कि वे अपने-अपने इलाकों में जाकर जमीनी स्तर पर काम तेज करें, क्योंकि उम्मीदवारों की सूची जल्द ही जारी होने वाली है। विजय ने यह भी बताया कि वे खुद पूरे तमिलनाडु का दौरा करेंगे और पार्टी को मजबूत बनाने में जुटेंगे।
दरअसल, पिछले कुछ समय से यह चर्चा चल रही थी कि टीवीके और एनडीए के बीच गठबंधन की बातचीत काफी आगे बढ़ चुकी है। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि अगर यह गठबंधन हो जाता, तो चुनाव तीन तरफा हो सकता था। लेकिन विचारधारा में अंतर और नेतृत्व को लेकर असहमति के कारण बात बन नहीं पाई।
सूत्रों के मुताबिक, भाजपा ने टीवीके को करीब 60 सीटें और डिप्टी सीएम का पद ऑफर किया था। इसके जवाब में टीवीके की तरफ से यह मांग रखी गई थी कि सत्ता साझा करने का फॉर्मूला हो, जिसमें विजय पहले आधे कार्यकाल के लिए मुख्यमंत्री बनें। लेकिन इस प्रस्ताव को एआईएडीएमके नेतृत्व, खासकर एडप्पाडी के पलनीस्वामी ने स्वीकार नहीं किया, जिसके बाद बातचीत टूट गई।
अब माना जा रहा है कि तमिलनाडु में इस बार सीधा मुकाबला नहीं बल्कि चतुष्कोणीय कड़ा चुनावी संघर्ष देखने को मिलेगा। एक तरफ द्रविड़ मुनेत्र कड़गम (डीएमके) का गठबंधन होगा, दूसरी ओर ऑल इंडिया अन्ना द्रविड़ मुन्नेत्र कड़गम (एआईएडीएमके) और भाजपा का साथ, तीसरी तरफ विजय की टीवीके और चौथी तरफ नाम तमिलर काची (एनटीके), जो पहले से ही अकेले चुनाव लड़ने की तैयारी में है।
अब टीवीके ने अपने उम्मीदवारों को अंतिम रूप देना शुरू कर दिया है। खबर है कि करीब 60 सीटों के लिए नाम तय भी हो चुके हैं और जल्द ही पूरी सूची और घोषणापत्र जारी किया जाएगा। विजय के चेन्नई के पेरंबूर सीट से चुनाव लड़ने की संभावना है, जबकि आधव अर्जुन (विलिवक्कम) और आनंद (टी नगर) जैसे प्रमुख नेताओं को भी अलग-अलग सीटों से मैदान में उतारने की तैयारी है। राजमोहन अरुमुगम, अरुल प्रकाशम और पी. वेंकटरमण सहित कई अन्य नामों पर भी विचार किया जा रहा है।

