चंडीगढ़, 26 फरवरी (आईएएनएस)। हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने गुरुवार को विधानसभा में कहा कि इंडिया एआई समिट के दौरान इंडियन यूथ कांग्रेस के कार्यकर्ताओं की हरकत से देश की अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बदनामी हुई है और यह बेहद निंदनीय है।
बजट सत्र के दौरान मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में एक विश्वस्तरीय एआई समिट का आयोजन किया गया, जिसमें दुनियाभर से लोगों ने भाग लिया।
कार्यक्रम के दौरान इंडियन यूथ कांग्रेस के कार्यकर्ताओं की “अशोभनीय” हरकतों से देश की अंतरराष्ट्रीय स्तर पर छवि खराब हुई।
मुख्यमंत्री ने कहा कि यह दौर आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) का है, इसलिए पिछली बजट घोषणा में गुरुग्राम और पंचकूला में दो एआई हब स्थापित करने की घोषणा की गई थी।
एक प्रश्न के जवाब में राज्य की स्वास्थ्य मंत्री आरती सिंह राव ने कहा कि आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के तहत सरकार पूरे राज्य में स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत कर रही है।
इस योजना के तहत लगभग 2,694 उपचार पैकेज उपलब्ध हैं, जिनमें सर्जरी, डे-केयर इलाज, दवाइयां और जांच शामिल हैं।
उन्होंने बताया कि 20 फरवरी तक राज्य में 1,38,47,905 आयुष्मान कार्ड सक्रिय थे। आयुष्मान भारत-चिरायु हरियाणा योजना के तहत भी सभी 2,694 पैकेज लागू हैं। जो इलाज इन पैकेज में शामिल नहीं हैं, उन्हें “अनिर्दिष्ट” श्रेणी में सूचीबद्ध अस्पतालों में दर्ज कर प्रक्रिया पूरी की जाती है।
नवंबर 2022 से 17 फरवरी 2026 तक राज्य में आयुष्मान योजना के तहत 14,28,872 इलाज किए गए। इसके लिए अस्पतालों को 2,010 करोड़ रुपए से अधिक की राशि का भुगतान किया गया।
एक अन्य प्रश्न के जवाब में जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी मंत्री रणबीर गंगवा ने कहा कि मुख्यमंत्री ‘हर घर नल से जल’ पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।
इसी दिशा में विभाग नई विकसित नियमित कॉलोनियों में पीने के पानी की व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए लगातार काम कर रहा है।
गीता भुक्कल के प्रश्न के उत्तर में मंत्री ने बताया कि हाल ही में झज्जर की 25 नियमित कॉलोनियों के लिए पेयजल आपूर्ति योजनाएं तैयार की गई हैं और उनके अनुमान भी पूरे कर लिए गए हैं।
उन्होंने कहा कि झज्जर शहर सहित झज्जर विधानसभा क्षेत्र के नौ गांवों में नहर आधारित पेयजल योजनाओं से निर्धारित मानकों के अनुसार पानी दिया जा रहा है।
एक अन्य सवाल के जवाब में विकास एवं पंचायत मंत्री कृष्ण लाल पंवार ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में बढ़ती आबादी को देखते हुए 10,000 से अधिक जनसंख्या वाले गांवों को ‘महाग्राम’ का दर्जा दिया गया है।
इन महाग्रामों में शहरी शैली की सीवरेज व्यवस्था और जरूरी बुनियादी सुविधाएं दी जा रही हैं, ताकि ग्रामीण जीवन की गुणवत्ता बेहतर हो सके।
उन्होंने कहा कि जुलाना-शादीपुर बाजार की मुख्य गलियों में नालों में रुकावट के कारण जलभराव की समस्या होती है। इसका स्थायी समाधान निकालने के लिए जींद जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी की अध्यक्षता में एक अंतर-विभागीय समिति बनाई गई है।

