नई दिल्ली, 21 फरवरी (आईएएनएस)। पटना विश्वविद्यालय में होने वाले छात्र संघ चुनाव को स्थगित कर दिया गया है। मतदान की तिथि 28 फरवरी को निर्धारित थी।
विश्वविद्यालय द्वारा जारी किए गए बयान में कहा गया है कि पटना विश्वविद्यालय परिसर में विगत कुछ दिनों में अमर्यादित एवं अप्रत्याशित घटनाएं हुई, जैसे पटना वूमेंस कॉलेज परिसर में छात्रों के एक गुट द्वारा बिना अनुमति अनाधिकृत प्रवेश कर नारेबाजी करना और चुनाव आचार संहिता का उल्लंघन (छपे हुए बैनर-पोस्टर का प्रयोग, महंगी चार पहिया वाहनों का उपयोग, चुनाव-प्रचार के लिए निर्धारित समयावधि से पूर्व ही प्रचार शुरू किया जाना)।
इसके साथ ही 21 जनवरी को पटना साइंस कॉलेज में एक कक्षा में घुसकर छात्रों द्वारा शिक्षक और पटना विश्वविद्यालय के पदाधिकारियों के साथ अमर्यादित व्यवहार का भी जिक्र किया गया है।
विश्वविद्यालय द्वारा जारी बयान में कहा गया है कि इन घटनाओं के मद्देनजर पटना विश्वविद्यालय छात्र संघ चुनाव 2025-26 को तत्काल प्रभाव से अगले आदेश तक स्थगित किया जाता है।
चुनाव स्थगित होने से छात्र संगठनों और उम्मीदवारों में हलचल मच गई है। चुनाव को लेकर तैयारियां तेजी से हो रही थीं। हालांकि, अभी तक यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि अब चुनाव कब होंगे? हालांकि, इसकी चर्चा जरूरी हो रही है कि अनुशासनहीनता को लेकर विश्वविद्यालय ने कठोर संदेश देने की कोशिश की है।
एनएसयूआई के समर्थकों ने जबरन पटना महिला कॉलेज में प्रवेश किया। उनके हाथों में बैनर थे और वे अपने उम्मीदवारों के समर्थन में नारे लगा रहे थे। इसके बाद विवाद बढ़ गया था।
बता दें कि प्रमुख पदों के लिए दाखिल किए गए नामांकनों की संख्या में अध्यक्ष पद के लिए 16, उपाध्यक्ष के लिए 9, महासचिव के लिए 9, संयुक्त सचिव के लिए 8 और कोषाध्यक्ष के लिए 9 उम्मीदवार शामिल हैं। इसके अलावा, विभिन्न निर्वाचन क्षेत्रों से पार्षदों (कैबिनेट सदस्यों) के 22 पदों के लिए कुल 54 नामांकन दाखिल किए गए।

