Monday, May 25, 2026
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स्कोप ग्लोबल स्किल्स यूनिवर्सिटी के छात्र ऋषि मोहबे का जर्मनी के समर स्कूल एवं इंटर्नशिप प्रोग्राम के लिए

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भोपाल : 26 जुलाई/ स्कोप ग्लोबल स्किल्स यूनिवर्सिटी (एसजीएसयू) के बीसीए (आईटी) द्वितीय वर्ष के छात्र ऋषि मोहबे का चयन जर्मनी में आयोजित समर स्कूल कम इंटर्नशिप प्रोग्राम ‘Cybersol’ के लिए हुआ है। यह प्रोग्राम इंडो-यूरो सिक्रोनाइजेशन की पहल के तहत प्रदान किया जाता है, जिसका उद्देश्य भारत और यूरोप के छात्रों को उभरते तकनीकी क्षेत्रों, विशेष रूप से “साइबर सिक्योरिटी” में व्यावहारिक प्रशिक्षण और नवाचार आधारित अनुभव प्रदान करना है।

इस अंतरराष्ट्रीय कार्यक्रम के माध्यम से ऋषि मोहबे को “साइबर सिक्योरिटी” और “आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस” जैसे तेजी से विकसित हो रहे क्षेत्रों में प्रशिक्षण एवं वास्तविक प्रोजेक्ट्स पर कार्य करने का अवसर मिलेगा। वे इन तकनीकों के व्यावसायिक उपयोग को समझते हुए, वैश्विक स्तर के विशेषज्ञों और मेंटर्स के साथ संवाद व कार्य करेंगे।

स्कोप ग्लोबल स्किल्स यूनिवर्सिटी का उद्योग-समर्थित एवं कौशल-आधारित शिक्षा मॉडल न केवल छात्रों को स्थानीय जरूरतों के लिए तैयार कर रहा है, बल्कि उन्हें अंतरराष्ट्रीय मंचों पर प्रतिस्पर्धा के लिए भी सशक्त बना रहा है। यह विश्वविद्यालय के वैश्विक दृष्टिकोण, संकाय की उत्कृष्टता और छात्र-केंद्रित करियर मॉडल की सफलता को रेखांकित करता है।

इस अवसर पर स्कोप ग्लोबल स्किल्स यूनिवर्सिटी के कुलाधिपति डॉ. सिद्धार्थ चतुर्वेदी ने हर्ष व्यक्त करते हुए कहा, “हमारा उद्देश्य है कि हमारे छात्र वैश्विक मंचों पर भारतीय प्रतिभा और कौशल की मजबूत पहचान स्थापित करें। ऋषि की यह सफलता हमारे स्किल-ओरिएंटेड एवं इंटरनेशनल एक्सपोजर आधारित शिक्षा मॉडल की प्रभावशीलता का प्रमाण है।”

कुलगुरू डॉ. विजय सिंह ने कहा, “यह चयन हमारे छात्रों की प्रतिबद्धता, मेहनत और विश्वविद्यालय की गुणवत्तापूर्ण शैक्षणिक प्रणाली को दर्शाता है। हम भविष्य में भी छात्रों को ऐसे ही वैश्विक मंचों के लिए तैयार करने हेतु प्रतिबद्ध हैं।” कुलसचिव डॉ. सितेश कुमार सिन्हा ने कहा, “यह अवसर न केवल ऋषि मोहबे के लिए बल्कि पूरे विश्वविद्यालय के लिए गर्व का विषय है। स्कोप ग्लोबल स्किल्स यूनिवर्सिटी का सतत प्रयास है कि प्रत्येक छात्र को वैश्विक औद्योगिक अनुभव, तकनीकी विशेषज्ञता और नेतृत्व कौशल से सुसज्जित किया जाए। ऋषि का चयन उसी दिशा में एक प्रेरक उदाहरण प्रस्तुत करता है।”