‘रोबोट डॉग’ विवाद पर मनोज झा ने उठाए सवाल, कहा- वैश्विक मंच पर गुणवत्ता जांच कहां थी?

0
11

नई दिल्ली, 19 फरवरी (आईएएनएस)। राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में आयोजित ‘इंडिया एआई इंपैक्ट समिट’ को लेकर राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के राज्यसभा सदस्य मनोज कुमार झा ने प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि यह सकारात्मक बात है कि ऐसा बड़ा सम्मेलन आयोजित हो रहा है, लेकिन यह भी स्वीकार करना होगा कि अब तक भारत ने एआई से जुड़ी चुनौतियों और संभावनाओं को पूरी तरह समझा नहीं है।

मनोज झा ने आईएएनएस से कहा कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) जैसे महत्वपूर्ण विषय पर अभी तक व्यापक और गंभीर चर्चा नहीं हुई है। इस क्षेत्र में भारत कुछ हद तक पीछे है, लेकिन उम्मीद है कि इस समिट के बाद देश अपनी कमियों को दूर करने की दिशा में ठोस कदम उठाएगा और जिन क्षेत्रों में पिछड़ गया है, उनकी भरपाई करेगा।

समिट के दौरान ‘रोबोट डॉग’ विवाद पर प्रतिक्रिया देते हुए उन्होंने कहा कि केवल विपक्ष ही नहीं, बल्कि नागरिक समाज के लोग भी सवाल उठा रहे हैं। इतने बड़े वैश्विक मंच पर हुई घटना से कई लोग खुद को अपमानित महसूस कर रहे हैं।

उन्होंने इस मामले के लिए किसी एक संस्था या शिक्षकों को जिम्मेदार ठहराने से इनकार किया। उनका कहना था कि पूरी जिम्मेदारी कुछ लोगों पर डाल देना उचित नहीं है और असली सवाल गुणवत्ता जांच का है। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि एक छोटे स्कूल के विज्ञान मेले में भी शिक्षक यह सुनिश्चित करता है कि क्या सही है और क्या नहीं।

उन्होंने शिक्षा व्यवस्था पर बोलते हुए कहा कि दुनिया के प्रमुख संस्थानों में भारतीयों का योगदान महत्वपूर्ण है और कई बड़े नाम भारतीय मूल से जुड़े हैं। उन्होंने यह भी कहा कि यदि सरकार सार्वजनिक वित्तपोषित शिक्षा के महत्व को समझे और मजबूत करे, तभी उच्च गुणवत्ता वाले परिणाम सामने आएंगे। उनके अनुसार हाल के वर्षों में निजी संस्थानों के तेजी से बढ़ते चलन से वैसी गुणवत्ता और प्रभाव हासिल करना कठिन होगा।