नई दिल्ली, 15 मार्च (आईएएनएस)। आज के समय की अनियमित जीवनशैली में सेहत की अनदेखी लाजमी है। ऐसे में शरीर कई बीमारियों की जद में आसानी से आ जाता है। ऐसी दिखने में सामान्य लेकिन गंभीर शारीरिक समस्या का नाम ब्लड प्रेशर है।
नेशनल हेल्थ मिशन (एनएचएम) के अनुसार, ब्लड प्रेशर कई गंभीर शारीरिक और मानसिक समस्याओं का प्रमुख कारण है। यह हाई ब्लड प्रेशर तो “साइलेंट किलर” कहलाता है क्योंकि ज्यादातर लोगों को इसके लक्षण नहीं दिखते, लेकिन अनियंत्रित रहने पर हृदयाघात, स्ट्रोक, किडनी फेलियर और अन्य गंभीर बीमारियां हो सकती हैं। वहीं, लो ब्लड प्रेशर को धीमा जहर भी कहा जाता है।
एनएचएम के दिशानिर्देशों के अनुसार, समय पर जांच और सही उपाय अपनाकर इसे आसानी से कंट्रोल किया जा सकता है। उच्च रक्तचाप की अनदेखी खतरनाक है क्योंकि यह धीरे-धीरे धमनियों को नुकसान पहुंचाती है, जिससे हार्ट अटैक, ब्रेन स्ट्रोक और किडनी की समस्या बढ़ती है।
एनएचएम रक्तचाप कंट्रोल करने के सरल और प्रभावी उपाय भी सुझाता है, जिसके अनुसार-
दवा समय पर और डॉक्टर के अनुसार लें: दवा कभी न छोड़ें। डॉक्टर द्वारा बताई गई डोज और समय का सख्ती से पालन करें। शुरुआत में अम्लोडिपाइन जैसी दवाएं आम हैं। दवा के साथ जीवनशैली में बदलाव जरूरी हैं।
रोजाना ब्लड प्रेशर मापें: घर पर या हेल्थ सेंटर पर नियमित जांच कराएं। सुबह और शाम मापें। इससे स्थिति पर नजर रखी जा सकती है और डॉक्टर को जल्दी जानकारी मिलती है।
अधिक नमक का सेवन न करें: रोजाना नमक 5 ग्राम (एक चम्मच) से कम रखें। पैकेज्ड फूड, अचार, चिप्स और बाहर का खाना कम करें। नमक कम करने से बीपी गिर सकता है।
पर्याप्त पानी पिएं: दिन में 8-10 गिलास पानी पिएं। डिहाइड्रेशन से बीपी प्रभावित होता है। पानी शरीर से अतिरिक्त सोडियम निकालने में मदद करता है।
नियमित व्यायाम करें: रोज 30-45 मिनट ब्रिस्क वॉक, साइकिलिंग, योग या हल्का एक्सरसाइज करें। इससे वजन नियंत्रित रहता है और बीपी कम हो सकता है।
अन्य महत्वपूर्ण बातों का भी ध्यान रखें जैसे वजन नियंत्रित रखें, धूम्रपान छोड़ें, शराब कम करें, फल-सब्जियां ज्यादा खाएं, तनाव कम करने के लिए ध्यान-योग करें। नियमित जांच और जीवनशैली बदलाव से उच्च रक्तचाप को आसानी से नियंत्रित किया जा सकता है। यदि बीपी अनियंत्रित है तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें।

