किसान देश के भाग्य विधाता, बुंदेलखंड से कोई किसान नहीं करेगा पलायन: सीएम मोहन यादव

0
6

दतिया, 24 मार्च (आईएएनएस)। मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने दतिया जिले को विकास की सौगात देते हुए कहा है कि बुंदेलखंड इलाका बदल रहा है, सिंचाई क्षमता बढ़ रही है, और अब यहां का कोई भी किसान पलायन नहीं करेगा।

सीएम मोहन यादव ने राज्य स्तरीय किसान सम्मेलन में दतिया को 62.23 करोड़ के विकास कार्यों की सौगात देते हुए कहा कि प्रदेश में सिंचाई का रकबा बढ़ाने के लिए राज्य सरकार प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है। सिंचाई का रकबा कभी साढ़े 7 लाख हेक्टेयर था, जो अब बढ़कर 55 लाख हेक्टेयर तक पहुंच चुका है। पिछले 2 साल में सिंचित भूमि का रकबा लगभग दस लाख हैक्टेयर बढ़ गया है। केन-बेतवा लिंक नदी जोड़ो परियोजना के माध्यम से बुंदेलखंड अंचल और आसपास के जिलों के किसानों को सिंचाई के लिए पर्याप्त जल मिलेगा।

उन्होंने आगे कहा कि केंद्र सरकार ने मध्य प्रदेश को नदी जोड़ो परियोजना की महत्वपूर्ण सौगात दी है, जिसका लाभ उत्तर प्रदेश के कुछ जिलों को भी मिलेगा। अब बुंदेलखंड अंचल से कोई किसान पलायन करने को विवश नहीं होगा। प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में भारत सभी क्षेत्रों में निरंतर आगे बढ़ रहा है। दुनिया का कोई ऐसा देश नहीं है, जहां संकट आया हो और प्रधानमंत्री मोदी की पहल से भारतीय नागरिकों की घर वापसी सुनिश्चित न की गई हो।

सीएम ने कहा कि मध्य प्रदेश सरकार प्रधानमंत्री मोदी के विकसित भारत के संकल्प को साकार करने के लिए कंधे से कंधा मिलाकर आगे बढ़ रही है। उन्‍होंने भगवान बलराम को नमन करते हुए कहा कि किसान ही हमारे देश के भाग्य विधाता हैं। वे सूरज की तपती गर्मी में अपने परिश्रम से सभी के लिए अन्न उगाते हैं। कृषक कल्याण वर्ष में राज्य सरकार किसानों की समृद्धि के लिए संकल्पित है। प्रदेश के किसान आधुनिक कृषि यंत्रों से खेती करें, पशुपालन, मत्स्य पालन और कृषि आधारित उद्योग शुरू कर खाद्य प्र-संस्करण से अपनी आय दोगुनी करें। इसके लिए अनेक योजनाओं की सौगात दी जा रही है। अब हमारे किसान नरवाई प्रबंधन के लिए मशीनों से भूसा भी बना रहे हैं, जिससे उन्हें गेहूं और भूसा, दोनों से कमाई का सुनहरा मौका मिला है।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने 62.23 करोड़ रुपए की लागत के 12 विकास कार्यों का लोकार्पण और भूमि-पूजन किया। इसमें भव्य सांदीपनि विद्यालय, दैवीय स्थल रतनगढ़ में यात्री निवास, और स्टेडियम सहित अन्य विकास कार्य शामिल हैं। इसके साथ ही हितग्राहियों को कृषि यंत्र, पशुपालन, और खाद्य प्रसंस्करण के लिए हितलाभ भी वितरित किए।

सीएम ने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण ने अपना संपूर्ण जीवन जनकल्याण के लिए समर्पित कर दिया। प्रदेश के सांदीपनि विद्यालय बच्चों के सुनहरे भविष्य के मंदिर की तरह हैं। शासकीय स्कूलों में पढ़ाई करने वाले बच्चों को नि:शुल्क किताबें, ड्रेस, साइकिलें, लैपटॉप और स्कूटी तक दी जा रही हैं। इसी शैक्षणिक सत्र से यशोदा योजना में बच्चों को दूध के पैकेट भी वितरित किये जाएंगे।