नई दिल्ली, 1 अप्रैल (आईएएनएस)। दिल्ली पुलिस ने नशीले पदार्थों के खिलाफ एक बड़ी कार्रवाई में 3.423 किलोग्राम गांजा ले जा रहे 19 साल के एक युवक को गिरफ्तार किया है। अधिकारियों ने बुधवार को यह जानकारी दी।
यह गिरफ्तारी भरथल गांव रोड के पास हुई। यह कार्रवाई द्वारका के स्थानीय इलाकों में ड्रग सप्लाई पर रोक लगाने के मकसद से की गई।
पुलिस द्वारा जारी एक प्रेस रिलीज के मुताबिक, यह ऑपरेशन द्वारका के सेक्टर-23 स्थित पुलिस स्टेशन की एक विशेष टीम ने एसीपी द्वारका किशोर कुमार रेवाला की देखरेख में चलाया। इस टीम में हेड कांस्टेबल राजेश, कांस्टेबल राम किशन, हेड कांस्टेबल शेर सिंह, हेड कांस्टेबल विक्की और आईओ/एसआई सतपाल डागर शामिल थे।
अधिकारियों ने बताया कि गश्त टीम की सतर्कता रंग लाई जब अधिकारियों ने एक संदिग्ध व्यक्ति को देखा, जिसके पास एक काला बैकपैक था और वह भरथल गांव से द्वारका एक्सप्रेसवे की ओर जा रहा था। आरोपी ने पुलिस के देखकर भागने का प्रयास किया, लेकिन बाद में उसको पकड़ लिया गया। आरोपी की पहचान विपिन कुमार के रूप में हुई है।
बैकपैक की तलाशी लेने पर पुलिस को एक काली पॉलीथीन की थैली मिली, जिसमें तंबाकू जैसे रंग का एक पदार्थ था और उससे गांजे की तेज गंध आ रही थी। उस पदार्थ की तुरंत एक फील्ड टेस्टिंग किट से जांच की गई और उसकी पुष्टि गांजे के रूप में हुई; उसका वज़न 3 किलोग्राम 423 ग्राम था। प्रेस रिलीज में बताया गया कि एनडीपीएस एक्ट के तहत सभी कानूनी औपचारिकताएं पूरी की गईं और बरामद नशीले पदार्थ को आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए पुलिस की आधिकारिक मुहर लगाकर सील कर दिया गया।
पूछताछ के दौरान, बिहार के मधुबनी के रहने वाले विपिन कुमार ने बताया कि वह फिलहाल दिल्ली के कापसहेड़ा में अपने एक रिश्तेदार के साथ रह रहा है। उसने खुलासा किया कि उसने बिहार के मुजफ्फरपुर के रहने वाले प्रियम नाम के एक व्यक्ति से लगभग 8,000 रुपए प्रति किलोग्राम की दर से गांजा खरीदा था, जिसका मकसद इसे दिल्ली में अपने स्थानीय संपर्कों को ऊंची कीमत पर बेचना था।
यह मामला द्वारका के सेक्टर-23 पुलिस स्टेशन में दर्ज किया गया है, और आगे की जांच जारी है। पुलिस अधिकारियों ने इस बात पर जोर दिया कि समय पर की गई कार्रवाई से नशीले पदार्थों की एक बड़ी खेप को स्थानीय इलाकों तक पहुंचने से रोक लिया गया, जिससे लगातार निगरानी और सक्रिय पुलिसिंग के महत्व को रेखांकित किया गया।
द्वारका जिले के पुलिस उपायुक्त कुशल पाल सिंह ने अधिकारियों की सतर्कता और त्वरित कार्रवाई की सराहना करते हुए कहा कि इस तरह के खुफिया जानकारी पर आधारित अभियान सार्वजनिक सुरक्षा सुनिश्चित करने और नशीले पदार्थों की आपूर्ति करने वाले नेटवर्क को खत्म करने के लिए बेहद जरूरी हैं।
यह अभियान अवैध नशीले पदार्थों की तस्करी पर रोक लगाने और ज़िले में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के प्रति द्वारका पुलिस की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।


