कोलकाता, 6 अप्रैल (आईएएनएस)। पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने सोमवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर तीखा हमला करते हुए आरोप लगाया कि उन्होंने पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ द्वारा कोलकाता को लेकर दी गई धमकी पर जानबूझकर चुप्पी साधी।
नदिया जिले में एक चुनावी रैली को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि आखिर एक पाकिस्तानी मंत्री भारत के एक प्रमुख शहर को निशाना बनाने की बात कैसे कर सकता है। उन्होंने सवाल उठाया कि जब प्रधानमंत्री रविवार को कूचबिहार में चुनावी सभा करने आए थे, तब उन्होंने इस गंभीर मुद्दे पर कोई प्रतिक्रिया क्यों नहीं दी।
ममता बनर्जी ने कहा, “एक पाकिस्तानी मंत्री कोलकाता पर हमले की बात कैसे कर सकता है? प्रधानमंत्री ने इस पर कुछ क्यों नहीं कहा? क्या वे यह नहीं कह सकते थे कि इस पर सख्त कार्रवाई की जाएगी? आखिर वे चुप क्यों रहे? पाकिस्तान के खिलाफ अब तक कोई कार्रवाई क्यों नहीं हुई?”
उन्होंने आगे कहा कि यह भी जांच का विषय है कि आखिर पाकिस्तान के मंत्री से इस तरह का बयान किसने दिलवाया। मुख्यमंत्री ने इस पूरे मामले की जांच की मांग करते हुए स्पष्ट किया कि अगर कोलकाता पर हमले की बात की जाती है, तो राज्य इसे किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं करेगा।
विधानसभा चुनाव के मद्देनजर मुख्यमंत्री ने पार्टी कार्यकर्ताओं को मतगणना के दिन सतर्क रहने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि मतगणना के शुरुआती घंटों में भ्रामक खबरें फैलाई जा सकती हैं, जिससे यह दिखाने की कोशिश होगी कि भाजपा उम्मीदवार अधिकांश सीटों पर आगे चल रहे हैं।
उन्होंने कार्यकर्ताओं से कहा, “सुबह के समय वे ऐसा माहौल बनाएंगे कि उनके उम्मीदवार आगे हैं, लेकिन इससे निराश मत होना। अंत तक इंतजार करना, आखिर में जीत हमारी ही होगी। मतगणना पूरी होने तक केंद्र नहीं छोड़ना।”
अपने संबोधन में मुख्यमंत्री ने सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) के महानिदेशक प्रवीण कुमार को भी निशाने पर लिया। उन्होंने कहा कि महिलाओं की तलाशी (फ्रिस्किंग) की बात स्वीकार्य नहीं है। उन्होंने लोगों से पहले मतदान करने और उसके बाद अन्य प्रक्रियाओं का पालन करने की अपील की।
ममता बनर्जी ने यह भी कहा कि यदि किसी इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) में खराबी आती है, तो उसे ठीक कराने के बजाय तुरंत बदलने की मांग करनी चाहिए।
उन्होंने महिलाओं से विशेष रूप से अपील की कि वे मतदान के दिन घरों से बाहर निकलें और यदि किसी भी तरह से असली मतदाताओं को मतदान केंद्र तक पहुंचने से रोका जाता है, तो उसका विरोध करें।
इसके अलावा मुख्यमंत्री ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि विधानसभा चुनाव से पहले दूसरे राज्यों से पश्चिम बंगाल में पैसा और नशीले पदार्थ लाए जा रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि उनके पास इसके पुख्ता सबूत मौजूद हैं और उचित समय पर इसके वीडियो सार्वजनिक किए जाएंगे।

