कोलकाता, 27 अप्रैल (आईएएनएस)। भारतीय चुनाव आयोग (ईसीआई) ने सोमवार को पश्चिम बंगाल पुलिस को निर्देश दिया कि वे उत्तरी 24 परगना जिले के जगतदल में रविवार रात हुई हिंसा में शामिल सभी लोगों को जल्द पहचान कर गिरफ्तार करे। इस घटना में कई लोग घायल हुए हैं।
रविवार रात करीब 11 बजे जगतदल में तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) और भारतीय जनता पार्टी के समर्थकों के बीच झड़प हो गई थी। इस दौरान एक बम धमाका भी हुआ, जिसमें केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल (सीएपीएफ) का एक जवान घायल हो गया। चुनाव आयोग ने इस मामले पर पुलिस से रिपोर्ट भी मांगी है।
घटना के समय नोआपारा से भाजपा उम्मीदवार और बैरकपुर के पूर्व सांसद अर्जुन सिंह एफआईआर दर्ज कराने के लिए जगतदल पुलिस स्टेशन पहुंचे थे। उसी समय वहां 200 से ज्यादा टीएमसी समर्थक भी मौजूद थे।
पहले दोनों पक्षों के बीच बहस हुई, जो बाद में हिंसक झड़प में बदल गई। इस दौरान आग्नेयास्त्रों और देसी बमों का इस्तेमाल किया गया, जिससे सीएपीएफ का एक जवान घायल हो गया।
बाद में हालात को काबू में करने के लिए सीएपीएफ और बैरकपुर पुलिस कमिश्नरेट की बड़ी संयुक्त टीम मौके पर पहुंची। अब तक चार लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है। इनमें कौशिक दास, सिकंदर प्रसाद, गोपाल राउत और श्यामदेव शॉ शामिल हैं।
इस घटना में शामिल कुछ अन्य आरोपी अभी फरार हैं। चुनाव आयोग ने पुलिस को निर्देश दिया है कि उन्हें जल्द से जल्द ढूंढकर हिरासत में लिया जाए। साथ ही आयोग ने राज्य पुलिस और सीएपीएफ को उस इलाके में लगातार गश्त करने के लिए भी कहा है।
उत्तरी 24 परगना और राज्य की राजधानी कोलकाता सहित छह जिलों की 142 विधानसभा सीटों पर 29 अप्रैल को दूसरे चरण का मतदान होगा। वोटों की गिनती 4 मई को की जाएगी।
चुनाव आयोग ने मतदान के दिन कड़ी सुरक्षा के इंतजाम किए हैं। यह व्यवस्था 23 अप्रैल को हुए पहले चरण के मुकाबले और ज्यादा मजबूत और व्यापक है।

