नई दिल्ली, 16 मई (आईएएनएस)। देशभर में पेट्रोल-डीजल के दाम बढ़ने पर विपक्ष सरकार के खिलाफ हमलावर है। विपक्षी नेताओं ने कहा कि देश में सब कुछ महंगाई की भेंट चढ़ा है और सरकार बिल्कुल भी इस चीज को लेकर सक्रिय नहीं है कि महंगाई कम हो।
राजद के राज्यसभा सांसद मनोज झा ने कहा कि परिस्थितियां भयावह हैं। सरकार की प्राथमिकताओं में आम जनता बिल्कुल नहीं है। आय बढ़ोतरी पर सरकार का काम शून्य है। मनोज झा ने कहा, “सरकार को पहले यह बताना चाहिए कि तेल की कीमत कहां जाकर रुकेगी और कितनी मार निम्न व मध्यम वर्ग पर पड़ेगी।”
उन्होंने कहा कि देश में लगातार चुनाव होते रहने चाहिए, क्योंकि चुनावों के समय जनता को राहत रहती है। भाजपा ने चुनाव जीतने का मंत्र हासिल कर लिया है, इस कारण उनके लिए और कुछ भी मायने नहीं रखता है।
सपा सांसद रामभुवल निषाद ने तेल की कीमतों में बढ़ोतरी पर कहा कि सरकार शुरू से ही चाहती है कि महंगाई बढ़े, क्योंकि सरकार बिल्कुल भी इस चीज को लेकर सक्रिय नहीं है कि महंगाई कम हो। डीजल-पेट्रोल हो या अन्य सामान्य, सब कुछ महंगाई की भेंट चढ़ा है। सरकार के पास कोई प्लान नहीं है। भाजपा की कोशिश सिर्फ यह है कि वो वोट चोरी करके सत्ता में बनी रहे।
हिमाचल प्रदेश सरकार में मंत्री और कांग्रेस नेता विक्रमादित्य सिंह ने तेल की कीमतों पर कहा, “यह अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत की कूटनीति की विफलता है। यह बिल्कुल स्पष्ट था कि चुनावों के कारण तेल के दाम नहीं बढ़ाए गए थे। हालांकि, कुछ दिनों पहले कमर्शियल एलपीजी के दाम दोगुने कर दिए गए थे। इससे कारोबारियों को नुकसान हुआ। शुक्रवार को पेट्रोल-डीजल महंगा कर दिया गया, जो वाहन चालकों पर असर डालेगा।”
समाजवादी पार्टी के विधायक रविदास मेहरोत्रा ने कहा कि ईरान, अमेरिका और इजरायल के बीच में चल रही लड़ाई का असर भारत में दिखाई पड़ रहा है। तेल की कीमतों में बढ़ोतरी हुई है और इससे पहले गैस के दाम बढ़े। इसके कारण लगातार महंगाई बढ़ रही है और देश आर्थिक मंदी के दौर से गुजर रहा है। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार को चाहिए कि वह पश्चिम एशिया के तनाव को कम कराने की कोशिश करे।
पेट्रोलियम निर्यात शुल्क में वृद्धि पर समाजवादी पार्टी के प्रवक्ता आशुतोष वर्मा ने कहा कि 2014 के बाद से देश की जनता इसकी आदी हो चुकी है कि उसे पेट्रोल से लेकर जमीन और पानी तक टैक्स दे रही है। इनकी दमड़ी न जाए, इसलिए सरकार जनता की चमड़ी से एक-एक चीज निकाल लेना चाहती है।
उन्होंने कहा कि सरकार को जनता से कोई मतलब नहीं है। चुनाव आने पर कीमतों में बढ़ोतरी बिल्कुल रुक जाएगी। यह सब कुछ जनता अब समझ चुकी है। भाजपा और सरकार के लोग सिर्फ कुछ उद्योगपतियों के लिए काम करते हैं।

