जम्मू, 21 मई (आईएएनएस)। जम्मू-कश्मीर के राजौरी-पुंछ रेंज के पुलिस उप-महानिरीक्षक (डीआईजी) संदीप वजीर ने गुरुवार को सुरक्षा, साइबर अपराध और आधुनिक पुलिसिंग की समीक्षा के लिए एक उच्चस्तरीय बैठक की अध्यक्षता की।
पुलिस ने बताया कि संदीप वजीर की अध्यक्षता में जिला पुलिस कार्यालय पुंछ में एक व्यापक डीजीपी-आईजीपी सम्मेलन आयोजित किया गया।
इस सम्मेलन में पुंछ के एसएसपी शफकत हुसैन, पुंछ के अतिरिक्त एसपी (ऑपरेशंस), सभी सुपरवाइजरी अधिकारियों, स्टेशन हाउस अधिकारियों और जिलेभर के अन्य अधिकारियों ने भाग लिया।
यह सम्मेलन मौजूदा सुरक्षा परिदृश्य की समीक्षा करने और पुलिसिंग के विभिन्न परिचालन, जांच और प्रशासनिक पहलुओं पर विचार-विमर्श करने के लिए एक महत्वपूर्ण मंच साबित हुआ।
अधिकारियों ने पावर प्वाइंट प्रजेंटेशन के माध्यम से विभिन्न पेशेवर विषयों पर विस्तृत प्रस्तुतियां और व्याख्यान दिए, जिसमें पुलिसिंग में समकालीन चुनौतियों और सर्वोत्तम प्रथाओं पर प्रकाश डाला गया।
सम्मेलन में मुख्य रूप से अपराध की रोकथाम, आतंकवाद-रोधी रणनीतियों, नशीले पदार्थों पर नियंत्रण के उपायों, साइबर अपराध की जांच, जन शिकायतों के निवारण तंत्र, आधुनिक पुलिसिंग तकनीकों, गुणवत्तापूर्ण जांच मानकों और सामुदायिक पुलिसिंग पहलों को मजबूत करने पर केंद्रित था।
पेशेवर दक्षता बढ़ाने, प्रभावी कानून प्रवर्तन सुनिश्चित करने और जनता तक पहुंच को बेहतर बनाने पर विशेष जोर दिया गया। बैठक में चल रहे नशा मुक्त जम्मू और कश्मीर अभियान के तहत चलाए जा रहे नशा-विरोधी अभियानों की प्रगति की भी समीक्षा की गई।
नशीले पदार्थों की तस्करी के खतरे से निपटने, नशीले पदार्थों के नेटवर्क को खत्म करने और युवाओं में नशीले पदार्थों के सेवन के हानिकारक प्रभावों के बारे में जागरूकता फैलाने के लिए समन्वित प्रयासों के संबंध में चर्चाएं की गईं।
अधिकारियों को संबोधित करते हुए डीआईजी रेंज ने व्यावसायिकता, अनुशासन, परिचालन तत्परता और जन-हितैषी पुलिसिंग के उच्चतम मानकों को बनाए रखने पर बल दिया।
उन्होंने दक्षता, पारदर्शिता और जनता के विश्वास को बेहतर बनाने के लिए पुलिसिंग में प्रभावी पर्यवेक्षण, जन शिकायतों के समय पर निपटान और प्रौद्योगिकी के इष्टतम उपयोग के महत्व को साझा किया।
डीआईजी ने अधिकारियों को उभरती सुरक्षा चुनौतियों, साइबर-संबंधित अपराधों और अन्य आपराधिक गतिविधियों से निपटने में सतर्क और सक्रिय रहने का भी निर्देश दिया।
उन्होंने जिले में समग्र सुरक्षा ग्रिड को मजबूत करने के लिए विभिन्न पुलिस इकाइयों और सुरक्षा एजेंसियों के बीच बेहतर समन्वय की आवश्यकता पर भी जोर दिया।
सम्मेलन का समापन जिला पुंछ में जमीनी स्तर की पुलिसिंग को बेहतर बनाने, खुफिया समन्वय को बढ़ाने, जांच मानकों को मजबूत करने और एक सुदृढ़ तथा जवाबदेह पुलिसिंग तंत्र सुनिश्चित करने पर विस्तृत विचार-विमर्श के साथ हुआ।

