अहमदाबाद, 24 मई (आईएएनएस)। संघ लोक सेवा आयोग (यूपीएससी) सिविल सेवा प्रारंभिक परीक्षा 2026 गुजरात सहित देशभर के विभिन्न परीक्षा केंद्रों पर शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न हुई। परीक्षा स्थलों पर कड़ी सुरक्षा व्यवस्था की गई थी। अभ्यर्थियों और विशेषज्ञों दोनों की नजर जनरल स्टडीज (जीएस) पेपर में जियोपॉलिटिक्स, अंतरराष्ट्रीय संबंधों और करेंट अफेयर्स पर टिकी हुई थी।
परीक्षा केंद्रों पर पहुंचे अभ्यर्थियों ने उम्मीद जताई कि पेपर उनके तैयारी स्तर के अनुरूप आएगा। आईएएनएस से बातचीत में कई उम्मीदवारों ने अपनी तैयारियों और उम्मीदों के बारे में विस्तार से बताया।
महिला अभ्यर्थी खसरा ने कहा, “मेरी तैयारी पिछले 3-4 सालों से लगातार चल रही है। जैसी तैयारी है, अगर पेपर उसी हिसाब से आया तो ठीक रहेगा। पिछली बार पेपर काफी कठिन था। इस बार देखते हैं कि पेपर कैसा रहता है। बस एग्जाम निकल जाए तो बहुत अच्छा रहेगा।”
उन्होंने बताया, “यूपीएससी में ज्यादातर थ्योरेटिकल चीजें गहराई में जाकर और थोड़ा ट्विस्ट देकर पूछी जाती हैं। इकोनॉमी, इतिहास और करेंट अफेयर्स से संबंधित सवाल आने की संभावना है। करेंट अफेयर्स के पॉइंट ऑफ व्यू से कई महत्वपूर्ण टॉपिक्स हैं, जिनकी अच्छी तैयारी करने पर संबंधित सवाल हल करना आसान हो जाएगा। अगर करेंट अफेयर्स से अच्छे सवाल आए तो मेरे लिए फायदेमंद रहेगा। मेरे अभिभावकों को भी पूरी उम्मीद है, जैसी हर अभ्यर्थी के घरवालों को होती है।”
दूसरे अटेम्प्ट में परीक्षा दे रहे करन सूरतवाला ने कहा, “यह मेरा दूसरा प्रयास है। जीएस पेपर की तैयारी पूरी तरह से हो चुकी है। अब देखते हैं कि पेपर कैसा आता है। जो अंतरराष्ट्रीय विवाद और घटनाएं चल रही हैं, उनसे जुड़े सवाल पूछे जा सकते हैं। पेपर मॉडरेट से डिफिकल्ट लेवल का रह सकता है।”
करन ने अपनी दिनचर्या के बारे में बताते हुए कहा, “रोजाना 8-10 घंटे की नियमित पढ़ाई करनी पड़ती है। इसमें काफी वक्त और मेहनत लगती है।” इस बार जीएस पेपर-1 में जियोपॉलिटिक्स, अंतरराष्ट्रीय संबंध, भारत की विदेश नीति और वैश्विक घटनाओं का दबदबा रहने की संभावना है। अभ्यर्थी इन टॉपिक्स पर खास फोकस करते नजर आए।

