पटना, 8 जून (आईएएनएस)। बिहार सरकार में मंत्री कुमार शैलेंद्र ने विक्रमशीला सेतु के मरम्मत कार्य पूर्ण होने की जानकारी दी।
उन्होंने सोमवार को पत्रकारों से बातचीत में कहा कि 3 मई की रात को विक्रमशीला सेतु का एक हिस्सा टूट गया था, जिससे वहां के लोगों को आवागमन में परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। इसके बाद इस घटना के बारे में सीएम सम्राट चौधरी को जानकारी दी गई। सीएम ने तत्काल शीर्ष अधिकारियों को निर्देश दिया कि वह इसे यथाशीघ्र मरम्मत करें और अगर इस दिशा में किसी भी प्रकार की अड़चन आ रही है तो उसे दूर किया जाए।
उन्होंने कहा कि 16 मई को इसके मरम्मत का कार्य शुरू हुआ था। इसके बाद अब जाकर इसका काम पूरा हुआ है तो इससे अब लोगों को किसी भी प्रकार की दिक्कत नहीं हो रही है। यह कहना गलत नहीं होगा कि सिर्फ 21 दिनों के भीतर पुल का मरम्मत करके लोगों को होने वाली परेशानी को दूर किया गया। इस काम में जुटे श्रमिकों को अंगवस्त्र देकर सम्मानित किया गया है, क्योंकि इस बात को बिल्कुल भी खारिज नहीं किया जा सकता है कि जिस तरह का काम हमारे श्रमिकों ने इस पुल को मरम्मत करने की दिशा में काम किया है, वो सराहनीय है।
उन्होंने आगे कहा कि यह कहना गलत नहीं होगा कि इसमें हमारे मुख्यमंत्री ने पूरी प्रतिबद्धता के साथ काम किया था। उन्होंने जैसा कहा था कि आने वाली सात तारीख को इस पुल को जनता को समर्पित कर दिया जाएगा। ठीक वैसे ही, बिना किसी रुकावट के कर दिया गया। इसके लिए निश्चित तौर पर सीएम की कार्यशैली की तारीफ की जानी चाहिए। वहीं, मैंने मरम्मत के काम में जुटे अधिकारियों को भी सम्मानित किया।
इसके अलावा, उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने भी अपने कार्यकाल में कई सराहनीय काम किए, जिसमें प्रमुख रूप से वाराणसी कारिडोर और अयोध्या का राम मंदिर भी शामिल है। जिस तरह से प्रधानमंत्री ने इस काम में जुटे श्रमिकों को सम्मानित किया, ठीक उसी प्रकार से मैंने फैसला किया कि मैं भी इस पुल के मरम्मत में जुटे श्रमिकों को सम्मानित करूं, ताकि उनका उत्सावर्धन हो। इस बात को खारिज नहीं किया जा सकता है कि इन श्रमिकों ने बहुत विपरीत परिस्थितियों में काम किया, जिसके लिए इनकी तारीफ की जानी चाहिए।
वहीं, मंत्री शैलेंद्र ने आगे कहा कि अभियंता अभी उस पुल का निरीक्षण करेंगे और वीडियोग्राफी के माध्यम से भी पुल की मौजूदा स्थिति के बारे में जानने की कोशिश की जाएगी। अगर कहीं पर कोई खामी पाई जाएगी तो तत्काल दूर करने की दिशा में कदम बढ़ाया जाएगा।
उन्होंने कहा कि हम पुल के बारे में जानने की कोशिश करेंगे और यह पता लगाने का प्रयास करेंगे कि कहीं पर कोई खामी तो नहीं है, ताकि कोई भी व्यक्ति उसे लेकर किसी भी प्रकार की अफवाह फैलाकर लोगों को भ्रमित करने की कोशिश न करे। अगर कोई किसी भी प्रकार की अफवाह को फैलाने की कोशिश करेगा तो उसे चिन्हित करने की भी कोशिश की जाएगी।
उन्होंने कहा कि मैं आप लोगों को विश्वास दिलाता हूं कि आगामी 30 नवंबर तक पुल को पूरी तरह से भारी वाहनों के लिए भी खोल दिया जाएगा। अभी यहां पर सिर्फ हल्के वाहन ही चल रहे हैं। जब सब कुछ हमारे मानकों के अनुरूप पाया जाएगा, तो मैं आप लोगों को विश्वास दिलाता हूं कि इस पुल को आगामी दिनों में भारी वाहनों के लिए भी खोल दिया जाएगा, जिससे किसी को भी कोई दिक्कत नहीं होगी। अभी 10 टन तक वाहन उस पुल पर जा सकते हैं।

