पुणे, 26 जून (आईएएनएस)। केतन मर्डर केस की जांच लगातार आगे बढ़ रही है। पुलिस सूत्रों के अनुसार, अब तक इस मामले में सात लोगों के बयान दर्ज किए जा चुके हैं। वहीं, आरोपी चेतन की दुकान में काम करने वाले नीरज को हिरासत में लेकर 24 घंटे से अधिक समय तक पूछताछ की गई। फिलहाल जांच में नीरज की हत्या में सीधे तौर पर कोई भूमिका सामने नहीं आई है।
सूत्रों के मुताबिक, नीरज ने पूछताछ में बताया कि उसे इस बात की कोई जानकारी नहीं थी कि चेतन और सिया केतन की हत्या की साजिश रच रहे हैं। उसने यह स्वीकार किया कि घटना वाले दिन चेतन ने उसका मोबाइल फोन इस्तेमाल किया था लेकिन उसे चेतन के इरादों की कोई भनक नहीं थी।
पुलिस सूत्रों का कहना है कि जांच में नीरज की भूमिका एक महत्वपूर्ण गवाह के रूप में सामने आ सकती है। संभावना है कि पुणे पुलिस उसे मुख्य गवाह बनाए ताकि यह स्थापित किया जा सके कि घटना वाले दिन चेतन अपना मोबाइल फोन दुकान पर छोड़कर गया था और उसने नीरज का फोन लेकर सिया से संपर्क और आपसी समन्वय (कोऑर्डिनेशन) करने के लिए उसका इस्तेमाल किया।
उधर, मामले की गुत्थी सुलझाने के लिए पुणे ग्रामीण पुलिस अब लोहागढ़ फोर्ट पर घटनास्थल का क्राइम सीन रीक्रिएट करने की तैयारी कर रही है। सूत्रों के मुताबिक, इसकी पूरी योजना तैयार कर ली गई है लेकिन पूरे ऑपरेशन को बेहद गोपनीय रखा गया है।
क्राइम सीन रीक्रिएशन के दौरान पुलिस यह समझने की कोशिश करेगी कि सिया और उसके प्रेमी चेतन ने पूरी वारदात को कैसे अंजाम दिया। जांच टीम यह भी देखेगी कि घटना के समय केतन, सिया और चेतन किस-किस जगह पर मौजूद थे, धक्का किस स्थिति में दिया गया और उसके बाद शव कितनी दूरी तक खाई में गिरा। इसके लिए डमी बॉडी का इस्तेमाल किया जाएगा।
हालांकि, पुणे पुलिस का कहना है कि अभी इस प्रक्रिया का समय तय नहीं किया गया है। पुलिस के अनुसार, इस हत्याकांड का कोई प्रत्यक्षदर्शी नहीं है और अब तक मिले सभी साक्ष्य परिस्थितिजन्य हैं। यही वजह है कि जांच एजेंसी हर छोटी-बड़ी कड़ी को जोड़ने में जुटी है और घटना से पहले तथा बाद की हर गतिविधि का बारीकी से विश्लेषण कर रही है।

